Census in Ladakh and J&K: लद्दाख, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में एक सितंबर से होगी जनसंख्या गणना

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। लद्दाख, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के बर्फबारी वाले दुर्गम क्षेत्रों में जनसंख्या गणना का दूसरा चरण एक से 30 सितंबर 2026
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। लद्दाख, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के बर्फबारी वाले दुर्गम क्षेत्रों में जनसंख्या गणना का दूसरा चरण एक से 30 सितंबर 2026 के बीच आयोजित किया जाएगा। इन पहाड़ी इलाकों के लिए जनगणना की संदर्भ तिथि एक अक्टूबर 2026 निर्धारित की गई है। देश के अन्य हिस्सों में जनसंख्या गणना का यह दूसरा चरण अगले वर्ष शुरू होने की संभावना है। जनगणना के इस महत्वपूर्ण कार्य को सुचारू रूप से संपन्न करने के लिए सभी आवश्यक तैयारियाँ की जा रही हैं।
सोमवार को जारी किए गए नोटिफिकेशन में भारत के रजिस्ट्रार जनरल और जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायण ने बताया कि इन क्षेत्रों में जनगणना की प्रक्रिया 1 से 30 सितंबर के बीच होगी। इसके बाद, 1 से 5 अक्टूबर तक जानकारी की दोबारा जांच का कार्य किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, घर-घर जाकर लोगों की गिनती शुरू होने से पहले, 17 से 31 अगस्त तक खुद से जानकारी भरने का विकल्प भी उपलब्ध होगा। यह प्रक्रिया सुनिश्चित करेगी कि सभी नागरिकों की सही-सही गिनती हो सके।
आजादी के बाद से यह जनगणना का आठवां अवसर है और इसे दो चरणों में पूरा किया जाएगा। पहले चरण में हाउस लिस्टिंग और हाउसिंग सेंसस का कार्य किया जाएगा, जबकि दूसरे चरण में जनसंख्या गणना की जाएगी। इस बार, जनगणना के जनसंख्या गिनती वाले चरण में जाति से जुड़ी जानकारी भी इकट्ठा की जाएगी, जो कि एक महत्वपूर्ण कदम है। जाति की गिनती को शामिल करने का निर्णय पिछले साल 30 अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता वाली कैबिनेट कमेटी द्वारा लिया गया था। पहले चरण का कार्य 30 सितंबर तक चलेगा।
















