Gorkhaland Unity in Darjeeling: गोरखालैंड के लिए दार्जिलिंग में एकजुट हुए दल, संवैधानिक समाधान की ओर बढ़ा कदम

दार्जिलिंग से एक महत्वपूर्ण खबर सामने आई है, जहां गोरखालैंड के स्थायी एवं संवैधानिक राजनीतिक समाधान की दिशा में एक सर्वदलीय बैठक का आयोजन किया गया। यह बैठक रविव
दार्जिलिंग से एक महत्वपूर्ण खबर सामने आई है, जहां गोरखालैंड के स्थायी एवं संवैधानिक राजनीतिक समाधान की दिशा में एक सर्वदलीय बैठक का आयोजन किया गया। यह बैठक रविवार को मारवाड़ी सहायक समिति भवन में हुई, जिसमें विभिन्न राजनीतिक दलों, सामाजिक संगठनों, बुद्धिजीवियों और जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। इस बैठक में सभी ने मिलकर एक साझा रणनीति बनाने पर सहमति जताई, जिससे गोरखालैंड के मुद्दे को एक नई दिशा मिल सके। बैठक में यह निर्णय लिया गया कि एक ड्राफ्टिंग कमेटी का गठन किया जाएगा, जो गोरखालैंड के संवैधानिक समाधान से संबंधित मसौदा तैयार करेगी। यह मसौदा एक महीने के भीतर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को सौंपा जाएगा। इसके साथ ही, केंद्र सरकार से शीघ्र संवैधानिक समाधान के लिए वार्ता बुलाने की मांग भी की जाएगी।
बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए गोर्खा जनमुक्ति मोर्चा (जीजेएम) के अध्यक्ष बिमल गुरूंग ने कहा कि वर्ष 2024 में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के साथ होने वाली बैठक में सभी क्षेत्रीय राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों की सहमति से एक साझा प्रस्ताव तैयार करने का सुझाव दिया गया था। उन्होंने बताया कि अन्य दलों की ओर से पहल न होने पर जीजेएम ने यह सर्वदलीय बैठक बुलाई। गुरूंग ने यह भी स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य किसी वैकल्पिक व्यवस्था को आगे बढ़ाना नहीं है, बल्कि गोरखालैंड के संवैधानिक समाधान के लिए सभी पक्षों को एक मंच पर लाना है।
















