Allegations against Abhishek Banerjee: कोविड जांच में धांधली का आरोप, भाजपा ने की एसआईटी जांच की मांग

राज्य ब्यूरो, कोलकाता। तृणमूल कांग्रेस के सांसद अभिषेक बनर्जी और उनके 25 सहयोगियों के खिलाफ कोविड जांच में धोखाधड़ी के आरोप में दक्षिण 24 परगना जिले के विष्णुपु
राज्य ब्यूरो, कोलकाता। तृणमूल कांग्रेस के सांसद अभिषेक बनर्जी और उनके 25 सहयोगियों के खिलाफ कोविड जांच में धोखाधड़ी के आरोप में दक्षिण 24 परगना जिले के विष्णुपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। भाजपा नेता अभिजीत दास ने इस मामले में शिकायत दर्ज कराई है, जिसमें कहा गया है कि डायमंड हार्बर लोकसभा क्षेत्र में कोविड काल के दौरान आयोजित मेगा टेस्ट ड्राइव और 'डॉक्टर्स ऑन व्हील्स' कार्यक्रम में गंभीर अनियमितताएं हुईं। दास ने आरोप लगाया कि प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मियों के बजाय आशा कार्यकर्ताओं से कोविड जांच कराई गई, जो भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद की गाइडलाइन का उल्लंघन है। इसके अलावा, उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि 'डॉक्टर्स ऑन व्हील्स' अभियान के लिए इतनी बड़ी संख्या में कोविड जांच किट कहां से आईं और यदि सरकारी सहयोग मिला था तो एक सांसद के लिए इतनी बड़ी संख्या में जांच किट की स्वीकृति कैसे मिली। इसके साथ ही, उन्होंने यह भी कहा कि 12 जनवरी, 2022 को एक ही दिन में 53,000 कोविड जांच किए जाने का दावा फर्जी था, जिससे कई संक्रमित मरीजों की जान खतरे में पड़ी। भाजपा नेता ने इस पूरे प्रकरण की जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित करने की मांग की है।
अभिषेक बनर्जी के अलावा उनके सहयोगी सुमित रॉय, तत्कालीन जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक, विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों के जनप्रतिनिधियों और कई प्रशासनिक तथा स्वास्थ्य अधिकारियों के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज की गई है। इससे पहले अभिषेक द्वारा चलाए गए चिकित्सा अभियान 'सेवाश्रय' को लेकर भी मामले दर्ज हो चुके हैं, जिनमें आरोप है कि नौसिखिए डॉक्टरों से इलाज कराया गया। यह मामला तब और गंभीर हो गया जब भाजपा ने आरोप लगाया कि अभिषेक बनर्जी के खिलाफ कई मामलों में एफआईआर दर्ज की गई हैं, जो राजनीतिक प्रतिशोध का परिणाम हैं। भाजपा का कहना है कि बंगाल में उनकी सरकार बनने के बाद से तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक के खिलाफ कई मामलों में कार्रवाई की गई है।









