Action against illegal foreign nationals in Dwarka: द्वारका में अवैध रूप से रह रहे चार विदेशी नागरिकों पर कार्रवाई, निर्वासन की प्रक्रिया शुरू

पश्चिमी दिल्ली के द्वारका जिले में एंटी नारकोटिक्स सेल ने एक विशेष अभियान के तहत चार विदेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया है, जो भारत में अवैध रूप से रह रहे थे। इन
पश्चिमी दिल्ली के द्वारका जिले में एंटी नारकोटिक्स सेल ने एक विशेष अभियान के तहत चार विदेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया है, जो भारत में अवैध रूप से रह रहे थे। इन विदेशी नागरिकों में से कुछ का वीजा अवधि समाप्त हो चुका था, जबकि कुछ बिना वैध वीजा के भारत में प्रवेश कर चुके थे। यह कार्रवाई जिले में अवैध रूप से निवास कर रहे विदेशी नागरिकों की पहचान के लिए चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है। उपायुक्त कुशल पाल सिंह ने बताया कि इस अभियान के तहत लगातार निगरानी रखी जा रही है ताकि अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों को पकड़ा जा सके। इस विशेष कार्रवाई में चार विदेशी नागरिकों को हिरासत में लिया गया, जिनमें एक सेनेगल, एक घाना और दो आइवरी कोस्ट (कोट डी आइवर) के नागरिक शामिल हैं। इन सभी के पास भारत में रहने के लिए कोई वैध वीजा नहीं था।
पुलिस ने इन चारों विदेशी नागरिकों को विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय (एफआरआरओ) के समक्ष पेश किया। एफआरआरओ से निर्वासन के आदेश जारी होने के बाद सभी को डिटेंशन सेंटर भेज दिया गया है। वहां से उन्हें उनके संबंधित देशों में भेजने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। यह कार्रवाई एंटी नारकोटिक्स सेल की टीम द्वारा की गई है, जो कि अवैध गतिविधियों के खिलाफ सख्त कदम उठा रही है। इस प्रकार की कार्रवाई से यह स्पष्ट होता है कि भारत में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों के खिलाफ कानून का पालन सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन कितनी गंभीरता से काम कर रहा है।
द्वारका में इस प्रकार की कार्रवाई से यह संदेश जाता है कि भारत में अवैध रूप से रहने वाले विदेशी नागरिकों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। यह न केवल कानून के प्रति सम्मान को बढ़ावा देता है, बल्कि देश की सुरक्षा को भी सुनिश्चित करता है। ऐसे मामलों में प्रशासन की सक्रियता से यह भी दिखता है कि वे अवैध प्रवासियों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इस प्रकार की कार्रवाई से अन्य देशों के नागरिकों को भी यह संदेश मिलता है कि भारत में नियमों का पालन करना अनिवार्य है।









