Appointment of JPSC Chairman Before Monsoon Session: विधानसभा के मानसून सत्र से पहले JPSC अध्यक्ष पद होगी नियुक्ति

झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) के अध्यक्ष पद की नियुक्ति झारखंड विधानसभा के मानसून सत्र शुरू होने से पहले की जा सकती है। राज्य सरकार इस बार किसी ऐसे सेवानिवृत्
झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) के अध्यक्ष पद की नियुक्ति झारखंड विधानसभा के मानसून सत्र शुरू होने से पहले की जा सकती है। राज्य सरकार इस बार किसी ऐसे सेवानिवृत्त अधिकारी को इस महत्वपूर्ण पद की जिम्मेदारी सौंपने की योजना बना रही है, जिसकी छवि विवादों से दूर और ईमानदारी की हो। यह निर्णय इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि जेपीएससी में अध्यक्ष पद का रिक्त होना कई परीक्षाओं और प्रक्रियाओं को प्रभावित कर रहा है। सरकार का प्रयास है कि विपक्ष को इस मुद्दे को उठाने का कोई अवसर न मिले, इसलिए अध्यक्ष की नियुक्ति को जल्द से जल्द पूरा करना आवश्यक है। वर्तमान में जेपीएससी में अध्यक्ष का पद खाली है, जो 21 जुलाई को एल खियांग्ते के इस्तीफे के बाद से रिक्त है। इस स्थिति के कारण आयोग की कई परीक्षाएं स्थगित कर दी गई हैं, जो अगस्त और सितंबर में आयोजित होने वाली थीं। अध्यक्ष की नियुक्ति के बाद ही इन परीक्षाओं की नई तिथियों की घोषणा की जा सकेगी।
जेपीएससी में अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी भारतीय प्रशासनिक सेवा, भारतीय वन सेवा या भारतीय पुलिस सेवा के सेवानिवृत्त अधिकारियों को दी जा सकती है। इससे पहले भी इन सेवाओं के सेवानिवृत्त अधिकारी जेपीएससी के अध्यक्ष पद का कार्यभार संभाल चुके हैं। वर्तमान में आयोग में तीन सदस्य कार्यरत हैं, जिनमें अजिता भट्टाचार्य, अनिमा हांसदा और जमाल अहमद शामिल हैं। अध्यक्ष पद की नियुक्ति होने तक इनमें से किसी को भी इस पद का प्रभार सौंपा जा सकता है। सरकार की योजना है कि विधानसभा के मानसून सत्र से पहले कैबिनेट की बैठक में इस पर निर्णय लिया जाए, ताकि अध्यक्ष की नियुक्ति समय पर हो सके।









