Flooding in Ballia: सरयू की लहरों ने प्राथमिक विद्यालय को समाहित किया

बलिया जिले में गंगा और सरयू नदियों के जलस्तर में उतार-चढ़ाव जारी है। गंगा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है, जबकि सरयू नदी का जलस्तर रविवार के बाद धीरे-धीरे घटने
बलिया जिले में गंगा और सरयू नदियों के जलस्तर में उतार-चढ़ाव जारी है। गंगा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है, जबकि सरयू नदी का जलस्तर रविवार के बाद धीरे-धीरे घटने लगा है। हालांकि, जलस्तर में कमी के बावजूद सरयू का कटान थमने का नाम नहीं ले रहा है। बैरिया तहसील क्षेत्र के गोपालनगर टांड़ी गांव में सोमवार को सरयू की तेज कटान के चलते एक प्राथमिक विद्यालय नदी में समाहित हो गया। विद्यालय के नदी में समाने से पहले प्रशासन ने एहतियात बरतते हुए यहां अध्ययनरत 180 बच्चों को गांव के दूसरे प्राथमिक विद्यालय में स्थानांतरित कर दिया था। इससे किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। विद्यालय के ध्वस्त होने के बाद ग्रामीणों में भय का माहौल है। नदी किनारे रहने वाले लोग अपने मकानों को तोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन कर रहे हैं। कटान लगातार बढ़ने से गांव के अन्य हिस्सों पर भी खतरा मंडरा रहा है।
गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर पर सिंचाई एवं बाढ़ खंड विभाग की लगातार नजर बनी हुई है। गायघाट मीटर गेज पर सोमवार सुबह आठ बजे गंगा का जलस्तर 52.88 मीटर दर्ज किया गया, जबकि एक दिन पहले शाम चार बजे यह 52.87 मीटर था। विभागीय अधिकारियों के अनुसार गंगा में फिलहाल धीमी गति से जलस्तर बढ़ रहा है और स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। वहीं, तुर्तीपार मीटर गेज पर सोमवार सुबह आठ बजे सरयू नदी का जलस्तर 63.53 मीटर दर्ज किया गया। एक दिन पहले शाम चार बजे यह 63.65 मीटर था। विशेषज्ञों के अनुसार नदी का पेटा खाली होने के कारण जलस्तर घटने के बावजूद किनारों पर कटान तेज बना हुआ है। प्रशासन ने संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी है और ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील की है।









