Allegations of Manipulation in Bankipur By-Election: राजद ने चुनाव आयोग पर उठाए सवाल

राजद ने बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के संदर्भ में जिला प्रशासन पर संवैधानिक प्रावधानों की अनदेखी करने का गंभीर आरोप लगाया है। राजद के प्रवक्ता चित्तरंजन गगन ने कह
राजद ने बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के संदर्भ में जिला प्रशासन पर संवैधानिक प्रावधानों की अनदेखी करने का गंभीर आरोप लगाया है। राजद के प्रवक्ता चित्तरंजन गगन ने कहा कि मतदाता जागरूकता और मतदान प्रतिशत बढ़ाने के नाम पर एनयूएलएम, जीविका दीदी और आंगनबाड़ी सेविका-सहायिका को मतदाताओं को घर-घर जाकर मतदान के लिए प्रेरित करने की जिम्मेदारी दी गई है। उन्होंने इस पर सवाल उठाते हुए कहा कि इन कर्मियों के माध्यम से भाजपा के पक्ष में मतदान के लिए मतदाताओं को प्रभावित करने का प्रयास किया जा रहा है। गगन ने यह भी कहा कि मतदान के दिन इन कर्मियों को मतदाताओं को उनके घरों से मतदान केंद्र तक लाने और मतदान सुनिश्चित कराने की जिम्मेदारी दी गई है। यह चुनाव प्रक्रिया के लिए एक गंभीर चिंता का विषय है।
चित्तरंजन गगन ने यह आरोप भी लगाया कि चुनाव प्रक्रिया में इस तरह की भूमिका को लेकर संवैधानिक प्रावधान स्पष्ट हैं। उन्होंने यह सवाल उठाया कि यदि एनयूएलएम से जुड़े कर्मी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और जीविका दीदी सरकारी कर्मचारी नहीं हैं, तो उन्हें चुनाव संबंधी गतिविधियों में कैसे लगाया जा सकता है। राजद प्रवक्ता ने कहा कि मतदान केंद्रों के आसपास ऐसे लोगों की मौजूदगी भी नियमों के खिलाफ है। उन्होंने यह भी दावा किया कि चुनाव आयोग के संज्ञान में आने के बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठते हैं।
राजद ने चुनाव आयोग से पूरे मामले में तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। चित्तरंजन गगन ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया में सभी राजनीतिक दलों को समान अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि जिला प्रशासन की ओर से जिस तरह गैर-सरकारी कर्मियों को चुनावी गतिविधियों में लगाया जा रहा है, उससे चुनाव की निष्पक्षता प्रभावित हो सकती है। उन्होंने चुनाव आयोग से पूरे मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है। गगन ने यह भी याद दिलाया कि बिहार विधानसभा के आम चुनाव में भी जीविका दीदी को मतदाता जागरूकता के काम में लगाया गया था, और उस दौरान कुछ स्थानों पर उन्हें सत्ताधारी दल के पक्ष में मतदान के लिए प्रेरित करते हुए देखा गया था। अब बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में भी उसी प्रक्रिया को दोहराने की तैयारी की जा रही है। चुनाव आयोग को इस मामले का संज्ञान लेकर निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए तत्काल कदम उठाना चाहिए।









