BSA Sir, These are Children, Not Animals: वार्डन-शिक्षिकाओं को नोटिस, बीईओ बिजौली को चेतावनी

बीएसए सर, ये बच्चे हैं, पशु नहीं, यह वाक्य उस तस्वीर का संदर्भ है जो अमर उजाला के 28 जुलाई के अंक में प्रकाशित हुई थी। इस तस्वीर को लेकर मुख्यमंत्री मीडिया सेल
बीएसए सर, ये बच्चे हैं, पशु नहीं, यह वाक्य उस तस्वीर का संदर्भ है जो अमर उजाला के 28 जुलाई के अंक में प्रकाशित हुई थी। इस तस्वीर को लेकर मुख्यमंत्री मीडिया सेल ने संज्ञान लिया है। इसके बाद अलीगढ़ के जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने बेसिक शिक्षा अधिकारी से इस मामले में विस्तृत आख्या मांगी है। बीएसए ने इस मामले में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। उन्होंने अपनी आख्या में उल्लेख किया है कि 27 जुलाई को स्पोर्ट्स स्टेडियम में जिला स्तरीय खेल चयन-ट्रायल में भाग लेने के लिए सभी कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों की छात्राओं को सुरक्षित वाहनों से लाने के निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद, केजीबीवी बिजौली की वार्डन ने सक्षम अधिकारियों को बिना सूचना दिए छात्राओं को पिकअप वाहन से कार्यक्रम स्थल तक पहुंचाया, जो कि सुरक्षा मानकों का उल्लंघन था। इस मामले में संबंधित वार्डन, शारीरिक शिक्षा की अंशकालिक शिक्षिका और कला, क्राफ्ट एवं संगीत/गृहशिल्प की अंशकालिक शिक्षिका को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। स्पष्टीकरण प्राप्त होने के बाद मामले की जांच कर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना के बाद खंड शिक्षा अधिकारी बिजौली को भी चेतावनी जारी की गई है। बीएसए ने जिले के सभी कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों की वार्डन को निर्देश दिए हैं कि छात्राओं के आवागमन में केवल सुरक्षित और अनुमोदित वाहनों का ही उपयोग किया जाए। यह निर्देश इस बात को ध्यान में रखते हुए दिया गया है कि छात्राओं की सुरक्षा सर्वोपरि है और किसी भी प्रकार की लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बीएसए ने यह भी कहा कि यदि भविष्य में ऐसी कोई घटना होती है, तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह कदम शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी को दर्शाता है और यह सुनिश्चित करने के लिए है कि सभी छात्राएं सुरक्षित रहें।









