Collagen Boosting Tips: बुढ़ापा रहेगा कोसों दूर! स्किन का कोलेजन बचाने के लिए रोज अपनाएं ये 5 आसान आदतें, एक्सपर्ट ने बताई

बढ़ती उम्र का असर सबसे पहले हमारे चेहरे पर ही नजर आता है। उम्र बढ़ने के साथ चेहरे पर फाइन लाइन्स, झुर्रियां और आंखों के आसपास क्रोज फीट नजर आना आम बात है। ऐसे म
बढ़ती उम्र का असर सबसे पहले हमारे चेहरे पर ही नजर आता है। उम्र बढ़ने के साथ चेहरे पर फाइन लाइन्स, झुर्रियां और आंखों के आसपास क्रोज फीट नजर आना आम बात है। ऐसे में ज्यादातर लोग तुरंत एंटी-रिंकल क्रीम या दूसरे स्किनकेयर प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल शुरू कर देते हैं। लेकिन हमारी सबसे बड़ी गलती यह होती है कि हम समय निकल जाने के बाद उसके बारे में सोचते हैं। इससे बेहतर यह है कि समय रहते अपनी स्किन का ख्याल रखना शुरू किया जाए। स्किन एक्सपर्ट का भी यही मानना है कि झुर्रियां नजर आने के बाद उन्हें कम करने की कोशिश करने से बेहतर है कि पहले से ही अपनी स्किन और कोलेजन की सेफ्टी का ख्याल रखा जाए। हालांकि, झुर्रियां और फाइन लाइन्स उम्र बढ़ने का प्राकृतिक हिस्सा हैं, लेकिन हमारी रोजाना की आदतें, धूप, प्रदूषण और स्किनकेयर रूटीन इस प्रोसेस को तेज कर सकते हैं। इसलिए अगर आप लंबे समय तक त्वचा को हेल्दी, ग्लोइंग और जवां बनाए रखना चाहते हैं, तो कोलेजन को सुरक्षित रखना बेहद जरूरी है। लेकिन कई लोग ऐसे भी हैं, जिनको यही नहीं मालूम है कि कोलेजन होता क्या है और यह हमारी स्किन के लिए इतना ज्यादा क्यों अहम है। कोलेजन शरीर में पाया जाने वाला एक अहम प्रोटीन है, जो त्वचा को मजबूती, लचीलापन और उछाल देता है। यही वजह है कि कम उम्र में स्किन ज्यादा सॉफ्ट और टाइट नजर आती है। MD, DVD, DNB डर्मेटोलॉजी, डायरेक्टर और फाउंडर, स्किन सीक्रेट्स डॉ. मालविका कोहली के अनुसार, कोलेजन को चेहरे की त्वचा के लिए एक मजबूत और लचीले सपोर्ट सिस्टम की तरह समझा जा सकता है। कम उम्र में शरीर पर्याप्त मात्रा में कोलेजन बनाता है, जिससे स्किन में नेचुरल कसाव और लचीलापन बना रहता है। मगर जैसे-जैसे हमारी उम्र बढ़ती है, हमारे शरीर में कोलेजन का उत्पादन धीरे-धीरे कम होने लगता है। इसके अलावा सूरज की यूवी किरणें, प्रदूषण और डेली का स्ट्रेस इस प्रोसेस को और तेज कर सकते हैं। इसका मतलब साफ है कि जब माथे, आंखों या मुंह के आसपास हल्की लाइनें नजर आने लगती हैं, तब तक त्वचा के अंदर कोलेजन और उसकी संरचना में बदलाव शुरू हो चुका होता है। इसलिए झुर्रियां दिखने का इंतजार करने के बजाय पहले से ही अपनी स्किन की देखभाल करना शुरू कर देनी चाहिए।
कोलेजन की सुरक्षा के लिए आपको बहुत लंबा या मुश्किल स्किनकेयर रूटीन अपनाने की जरूरत नहीं है। कुछ आसान आदतों को रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बनाना काफी मददगार हो सकता है। सूरज की हानिकारक यूवी किरणें स्किन के कोलेजन को नुकसान पहुंचा सकती हैं और समय से पहले एजिंग के संकेतों को बढ़ा सकती हैं। इसलिए सुबह घर से निकलने से पहले ब्रॉड-स्पेक्ट्रम SPF सनस्क्रीन लगाना जरूरी है। अगर आप लंबे समय तक धूप में रहने वाले हैं, तो सनस्क्रीन को दोबारा लगाना भी जरूरी हो सकता है। ऐसा नहीं है कि सिर्फ गर्मी के मौसम में ही आपको सनस्क्रीन लगानी है, बल्कि बादल या सर्दियों के दिनों में भी सनस्क्रीन लगाना सही होता है। क्योंकि यूवी किरणें बादलों के बीच से भी त्वचा तक पहुंच सकती हैं। विटामिन C को स्किनकेयर रूटीन में शामिल करें। विटामिन सी हमारी स्किन के लिए सबसे जरूरी पोषण तत्व है, क्योंकि विटामिन सी एक एंटीऑक्सीडेंट है। जो पर्यावरण से होने वाले नुकसान से त्वचा की सुरक्षा करने में मदद कर सकता है। प्रदूषण और फ्री रेडिकल्स त्वचा की सेहत को इफेक्ट कर सकते हैं। एक आसान स्किनकेयर रूटीन में विटामिन C सीरम के बाद सनस्क्रीन का इस्तेमाल किया जा सकता है। हालांकि, हर इंसान की त्वचा अलग होती है, इसलिए किसी भी नए प्रोडक्ट को इस्तेमाल करने से पहले पैच टेस्ट करना बेहतर है। पानी हमारे शरीर के लिए जरूरी होता है और यह हमारी स्किन के लिए भी बहुत फायदेमंद माना जाता है। हाइड्रेशन का असर त्वचा पर भी दिखाई देता है। शरीर में पानी की कमी होने पर त्वचा ड्राई और बेजान नजर आ सकती है। पर्याप्त पानी पीने और बैलेंस डाइट लेने से स्किन को अंदर से पोषण देने में मदद मिल सकती है। रात में सोते समय शरीर को आराम और रिकवरी का मौका मिलता है, लेकिन 7 से 8 घंटे की पूरी नींद लेना हर शख्स के लिए जरूरी होता है। लगातार कम नींद लेने से स्किन की नेचुरल रिकवरी प्रोसेस इफेक्ट हो जाता है। इसलिए अच्छी और पर्याप्त नींद भी हेल्दी स्किन रूटीन का जरूरी हिस्सा है।









