Exam Reform Task Force: पीएम मोदी की नई टीम में शामिल विशेषज्ञों की सूची

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को भारत की परीक्षा प्रणाली में सुधार लाने के लिए एक उच्चस्तरीय टास्क फोर्स का गठन किया है। इस टास्क फोर्स का उद्देश्य बार-बा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को भारत की परीक्षा प्रणाली में सुधार लाने के लिए एक उच्चस्तरीय टास्क फोर्स का गठन किया है। इस टास्क फोर्स का उद्देश्य बार-बार होने वाली पेपर लीक की घटनाओं पर रोक लगाना और परीक्षा प्रणाली को अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाना है। इस पैनल की अध्यक्षता प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ नंदन नीलेकानी करेंगे, जो कि तकनीक के क्षेत्र में एक प्रमुख नाम माने जाते हैं। इस छह सदस्यीय टीम में विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ शामिल हैं, जो सार्वजनिक परीक्षाओं के लिए संरचनात्मक और प्रौद्योगिकी आधारित सुधारों की सिफारिश करेंगे। प्रधानमंत्री मोदी ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार ने पहले ही परीक्षा में धोखाधड़ी के खिलाफ त्वरित अदालतों की स्थापना और सख्त कानूनी प्रावधानों को लागू करने जैसे कदम उठाए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि परीक्षा प्रणाली को मजबूत करना आवश्यक है ताकि जनता का विश्वास बहाल हो सके।
नंदन नीलेकानी का जन्म 2 जून, 1955 को बेंगलुरु में हुआ था और वे इंफोसिस के सह-संस्थापक हैं। उन्हें भारत के आधार डिजिटल पहचान कार्यक्रम का जनक माना जाता है। नीलेकानी की जिम्मेदारी होगी कि वे तकनीक के माध्यम से परीक्षाओं को अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के लिए पैनल की सिफारिशों का नेतृत्व करें। इसके अलावा, एस. सोमनाथ, जो कि इसरो के पूर्व अध्यक्ष हैं, भी इस पैनल का हिस्सा हैं। सोमनाथ ने रॉकेट और अंतरिक्ष तकनीक में अपने योगदान के लिए ख्याति प्राप्त की है और अब वे बड़े पैमाने की प्रौद्योगिकी प्रणालियों पर ध्यान केंद्रित करेंगे। इस टीम में तपन डेका, जो एक अनुभवी खुफिया अधिकारी हैं, भी शामिल हैं। डेका ने आतंकवाद विरोधी अभियानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है और अब वे परीक्षा प्रणाली में सुरक्षा ढांचे को मजबूत करने का कार्य करेंगे।









