Fake Vigilance Officer Arrested: नकली विजिलेंस अधिकारी बनकर ट्रेनों में टीटीई से पैसे ऐंठने वाला गिरफ्तार

अंबाला में नकली विजिलेंस अधिकारी बनकर ट्रेनों में टीटीई से पैसे ऐंठने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। यह आरोपी, जिसकी पहचान सुधीर कुमार (53) के रूप में ह
अंबाला में नकली विजिलेंस अधिकारी बनकर ट्रेनों में टीटीई से पैसे ऐंठने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। यह आरोपी, जिसकी पहचान सुधीर कुमार (53) के रूप में हुई है, नई दिल्ली के वसंत विहार का निवासी है। आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त कार्रवाई में उसे छतीसगढ़ एक्सप्रेस से पकड़ा गया। पूछताछ के दौरान पता चला कि सुधीर ने पिछले दो वर्षों में देशभर की 300 से अधिक ट्रेनों में विजिलेंस अधिकारी बनकर यात्रा की और टीटीई तथा पैंट्री कर्मचारियों से पैसे की अवैध वसूली की। आरोपी ने अपने रौब जमाने के लिए वॉकी-टॉकी का इस्तेमाल करते हुए दिल्ली से लेकर जम्मू और यूपी-बिहार के स्टेशन मास्टरों को धमकाया। उसके पास से फर्जी आई कार्ड, दस्तावेज और एक चालू हालत में मोटोरोला वॉकी-टॉकी सेट भी बरामद किया गया है। जीआरपी के अनुसार, सोमवार की रात लगभग 12:20 बजे कंट्रोल रूम से सूचना मिली कि छतीसगढ़ एक्सप्रेस के एसी कोच नंबर ए-2 में एक संदिग्ध व्यक्ति खुद को विजिलेंस अधिकारी बताकर घूम रहा है। सूचना मिलते ही सीआईबी/आरपीएफ यूनिट ने तुरंत ट्रेन की जांच की और आरोपी को पकड़ लिया। उसकी तलाशी लेने पर रेलवे विजिलेंस दिल्ली का फर्जी आई-कार्ड और अन्य संबंधित कागजात बरामद किए गए। पूछताछ में सुधीर ने स्वीकार किया कि वह फर्जी आई कार्ड का इस्तेमाल कर टीटीई पर धौंस जमाता था और उनसे पैसे वसूलता था। उसे जीआरपी बूथ पर लाया गया और प्राथमिकी दर्ज की गई। मंगलवार को आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां उसे चार दिन के रिमांड पर भेजा गया है। इस मामले में यह भी संदेह है कि यह अकेले व्यक्ति का काम नहीं हो सकता। इसलिए रिमांड के दौरान अन्य सहयोगियों की पहचान के लिए पूरी गहनता से जांच की जाएगी। हरीश कुमार, प्रभारी, जीआरपी अंबाला ने बताया कि इस ठगी के मामले में कुछ अन्य लोग भी संलिप्त हो सकते हैं। इस प्रकार की घटनाएं रेलवे सुरक्षा के लिए गंभीर चुनौती बन रही हैं और इस पर कड़ी नजर रखने की आवश्यकता है।









