Chamoli News: पूर्व प्रधानाचार्य गोविंद प्रसाद पंत का निधन, क्षेत्र में शोक की लहर

कर्णप्रयाग। लंगासू क्षेत्र के बिरोली गांव के निवासी और पूर्व प्रधानाचार्य गोविंद प्रसाद पंत का निधन 26 जुलाई को देहरादून में उपचार के दौरान हुआ। उनके निधन पर क्
कर्णप्रयाग। लंगासू क्षेत्र के बिरोली गांव के निवासी और पूर्व प्रधानाचार्य गोविंद प्रसाद पंत का निधन 26 जुलाई को देहरादून में उपचार के दौरान हुआ। उनके निधन पर क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों और समाज सेवियों ने गहरा शोक व्यक्त किया है। गोविंद प्रसाद पंत ने अपने कार्यकाल के दौरान शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया और सेवानिवृत्त होने के बाद भी उन्होंने अपने गांव में स्वरोजगार की दिशा में कई पहल की। उनके प्रयासों के फलस्वरूप वर्तमान में बिरोली गांव में पांच से अधिक स्थानीय लोगों के होटल संचालित हो रहे हैं, जिससे स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर प्राप्त हुए हैं। इसके अलावा, पंत ने दशमद्वार विकास मंच का गठन कर क्षेत्रीय समस्याओं के समाधान के लिए निरंतर संघर्ष किया। उनके निधन से क्षेत्र में एक अपूरणीय क्षति हुई है। विधायक अनिल नौटियाल, भाजपा नेता टीका प्रसाद मैखुरी, पूर्व जिलाध्यक्ष रमेश मैखुरी, प्रमुख दीपिका मैखुरी, लक्ष्मी जोशी, वीरेंद्र सिंह रावत, जितेंद्र कुमार, ताजवर नेगी, धीरेंद्र नेगी और यशवंत असवाल जैसे कई प्रमुख व्यक्तियों ने उनके निधन पर शोक व्यक्त किया है।
इस बीच, मंगलवार को 'मां के नाम एक पेड़' अभियान के तहत आर्मी कैंटीन के अधिकारियों और कर्मचारियों ने वन विभाग के सहयोग से कैंटीन और कोषागार परिसर में फलदार, औषधीय और छायादार पौधों का रोपण किया। इस पहल का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण और संवर्धन है। वन पंचायत संगठन के पूर्व अध्यक्ष महिपाल सिंह रावत ने कहा कि अधिक से अधिक पौधारोपण करके हम अपने पर्यावरण को सुरक्षित और समृद्ध बना सकते हैं। इस अवसर पर डॉ. पुरुषोत्तम जोशी, चुन्नू चौहान, गोविंद चौहान, सूबेदार प्रेम सिंह, राकेश पुरोहित, हवलदार सुरेंद्र सिंह, मनीष, विक्रम सिंह राणा, अजीत सिंह, उदय लाल और प्रवीण कुमार जैसे कई लोग उपस्थित थे।









