Water Quality Testing in Ganga: गंगा के पानी की कराएं जांच : डीएम

उन्नाव जिले के जिलाधिकारी घनश्याम मीणा ने गंगा नदी के पानी की गुणवत्ता की जांच कराने के लिए आवश्यक निर्देश दिए हैं। उन्होंने इस संबंध में जिला प्रदूषण अधिकारी,
उन्नाव जिले के जिलाधिकारी घनश्याम मीणा ने गंगा नदी के पानी की गुणवत्ता की जांच कराने के लिए आवश्यक निर्देश दिए हैं। उन्होंने इस संबंध में जिला प्रदूषण अधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी, जिला वन अधिकारी और एडीएम वित्त राजस्व को अलग-अलग जांच करने के लिए कहा है। यह निर्देश उन्होंने हाल ही में आयोजित जिला गंगा समिति की बैठक में दिए। बैठक में जिलाधिकारी ने पौधरोपण अभियान की प्रगति की समीक्षा भी की और पौधों की नियमित देखभाल सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि विभागों द्वारा लगाए गए पौधों की जीओ टैगिंग भी कराई जाएगी, ताकि उनकी स्थिति की निगरानी की जा सके। इसके अलावा, ग्राम विकास, कृषि और सिंचाई विभाग नहरों के दोनों ओर पौधे लगाएंगे, जबकि पीडब्ल्यूडी और राष्ट्रीय राजमार्गों पर भी छायादार और फलदार पौधे लगाने की योजना बनाई गई है। इस प्रकार, गंगा नदी के किनारे हरित आवरण को बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने गंगा में नालों के पानी के जाने को रोकने के लिए भी निर्देश दिए हैं, ताकि नदी की स्वच्छता और पारिस्थितिकी को संरक्षित किया जा सके। उन्होंने कहा कि गंगा नदी का पानी न केवल स्थानीय निवासियों के लिए बल्कि पूरे देश के लिए महत्वपूर्ण है। इसके साथ ही, जिलाधिकारी ने जिला कौशल समिति की बैठक में प्रशिक्षण कार्यक्रमों की प्रगति की भी समीक्षा की। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण कार्यक्रमों को उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप संचालित किया जाना चाहिए, ताकि प्रशिक्षित युवाओं को अधिक रोजगार और स्वरोजगार के अवसर मिल सकें। यह कदम न केवल युवाओं के लिए फायदेमंद होगा, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी सशक्त करेगा।









