Government vehicle running without registration for 10 years: बिना रजिस्ट्रेशन 10 साल से दौड़ रही पोटका BDO की सरकारी गाड़ी, DTO ने दिए जांच के आदेश

पोटका प्रखंड कार्यालय में एक सरकारी सुमो वाहन पिछले लगभग 10 वर्षों से बिना रजिस्ट्रेशन नंबर के संचालित हो रहा है। यह मामला तब सामने आया जब जिला परिवहन पदाधिकारी
पोटका प्रखंड कार्यालय में एक सरकारी सुमो वाहन पिछले लगभग 10 वर्षों से बिना रजिस्ट्रेशन नंबर के संचालित हो रहा है। यह मामला तब सामने आया जब जिला परिवहन पदाधिकारी (डीटीओ) दिलीप कुमार ने इसकी जांच के आदेश दिए। इस दौरान कई प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) आए और गए, लेकिन किसी ने भी इस वाहन का रजिस्ट्रेशन नहीं कराया। डीटीओ ने स्पष्ट किया है कि वाहन का रजिस्ट्रेशन तुरंत कराया जाना चाहिए। पोटका के बीडीओ अरुण कुमार मुंडा ने बताया कि यह सरकारी वाहन पिछले 10 वर्षों से उपयोग में है और पूर्व के अधिकारियों द्वारा इसका रजिस्ट्रेशन नहीं कराया गया। उन्होंने यह भी कहा कि नए सरकारी वाहन की मांग को लेकर जिला प्रशासन को पत्र भेजा गया है। वर्तमान में, कोई वैकल्पिक वाहन उपलब्ध नहीं होने के कारण इस वाहन का केवल आवश्यक कार्यों के लिए सीमित उपयोग किया जा रहा है।
बिना रजिस्ट्रेशन के सरकारी वाहन के संचालन पर सवाल उठने लगे हैं। यह स्पष्ट है कि परिवहन नियमों का पालन कराने की जिम्मेदारी प्रशासन की होती है। ऐसे में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है। पोटका प्रखंड कार्यालय में इस प्रकार की अनियमितता से न केवल प्रशासन की छवि पर असर पड़ता है, बल्कि यह नागरिकों के लिए भी चिंता का विषय है। यदि सरकारी वाहन बिना रजिस्ट्रेशन के चल रहा है, तो यह अन्य सरकारी वाहनों के रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया पर भी सवाल उठाता है।
इस मामले में जिला परिवहन पदाधिकारी ने जांच के आदेश देकर यह सुनिश्चित किया है कि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों। यह जांच यह भी सुनिश्चित करेगी कि अन्य सरकारी वाहनों का रजिस्ट्रेशन समय पर किया जाए। पोटका प्रखंड कार्यालय में इस मुद्दे की गंभीरता को देखते हुए, यह आवश्यक है कि प्रशासन इस मामले को गंभीरता से ले और उचित कार्रवाई करे। इससे न केवल प्रशासन की छवि में सुधार होगा, बल्कि नागरिकों का विश्वास भी बढ़ेगा।









