Himachal: मानसून के बाद प्रदेशभर में सड़कों का होगा विस्तार, विक्रमादित्य सिंह का बयान

हिमाचल प्रदेश के लोक निर्माण एवं शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने हाल ही में घोषणा की है कि मानसून सीजन समाप्त होते ही प्रदेश में लोक निर्माण विभाग द्वारा
हिमाचल प्रदेश के लोक निर्माण एवं शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने हाल ही में घोषणा की है कि मानसून सीजन समाप्त होते ही प्रदेश में लोक निर्माण विभाग द्वारा सड़कों के विस्तार का कार्य शुरू किया जाएगा। उन्होंने कहा कि बारिश और भूस्खलन के कारण क्षतिग्रस्त हुई सड़कों के शीघ्र सुधार के लिए विभाग को पहले ही निर्देश जारी किए जा चुके हैं। मंत्री ने सोमवार शाम को कांगड़ा प्रवास के दौरान जोगिंद्रनगर में स्थानीय लोगों से मुलाकात की और उनकी समस्याओं को सुना। इस दौरान उन्होंने लोगों को आश्वस्त किया कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा। विक्रमादित्य सिंह ने यह भी कहा कि मंडी सहित प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में सड़क नेटवर्क को बेहतर बनाने के लिए मानसून के बाद तेजी से कार्य किया जाएगा। यह कदम प्रदेश में सड़क परिवहन को सुगम बनाने के लिए महत्वपूर्ण है।
मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने बताया कि भुभू जोत टनल की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार हो चुकी है, जिसके निर्माण से मंडी और कुल्लू जिलों को बड़ी राहत मिलेगी। उन्होंने जोगिंद्रनगर शहर में सीवरेज व्यवस्था के विस्तार की मांग पर जल शक्ति विभाग को योजना का प्रारूप तैयार करने के निर्देश दिए। यह योजना स्थानीय निवासियों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए बनाई जाएगी। इसके अलावा, उन्होंने देशभर में नीट परीक्षा को लेकर चल रहे विवाद पर केंद्र सरकार की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। यह मुद्दा शिक्षा क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण विषय बन चुका है और मंत्री ने इस पर अपनी चिंता व्यक्त की।
जोगिंद्रनगर पहुंचने पर मंत्री विक्रमादित्य सिंह का स्वागत कांग्रेस नेता गुरुशरण परमार, बीडीसी अध्यक्ष प्रशांत, रोटेरियन अजय ठाकुर, व्यापार मंडल अध्यक्ष भास्कर गुप्ता, एपीएमसी सदस्य प्यार चंद, विभिन्न पंचायत प्रतिनिधियों, स्थानीय लोगों और प्रशासनिक अधिकारियों ने किया। मंत्री ने करीब 20 मिनट तक स्थानीय लोगों से बातचीत की और उनकी समस्याओं को सुनने के बाद सड़क मार्ग से मंडी के लिए रवाना हुए। इस दौरान उन्होंने स्थानीय विकास के लिए सरकार की योजनाओं पर भी चर्चा की। इस प्रकार, मंत्री विक्रमादित्य सिंह का यह दौरा न केवल स्थानीय समस्याओं को समझने का एक प्रयास था, बल्कि प्रदेश के विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है।









