HP Politics: जयराम ठाकुर बोले- पेपर लीक के मामलों की सच्चाई छिपा रही प्रदेश कांग्रेस सरकार

हिमाचल प्रदेश के नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने हाल ही में प्रदेश सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि कांग्रेस सरकार पेपर लीक और भर्ती अनियमितताओं के म
हिमाचल प्रदेश के नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने हाल ही में प्रदेश सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि कांग्रेस सरकार पेपर लीक और भर्ती अनियमितताओं के मामलों में सच्चाई को छिपाने का प्रयास कर रही है। ठाकुर ने यह भी कहा कि जो सरकार पेपर लीक के दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय उन्हें संरक्षण दे रही है, उसे युवाओं के भविष्य के साथ राजनीति करने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है। उन्होंने मुख्यमंत्री के दावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री यह दावा कर रहे हैं कि उनके कार्यकाल में कोई पेपर लीक नहीं हुआ, जबकि प्रदेश की जनता यह जानने के लिए उत्सुक है कि सरकार ने भर्ती परीक्षाएं कितनी करवाई हैं। जयराम ठाकुर ने प्री-नर्सरी शिक्षक भर्ती प्रक्रिया का उल्लेख करते हुए कहा कि इसमें बड़े पैमाने पर अनियमितताएं सामने आई थीं, जिसके कारण भर्ती प्रक्रिया को रोकना पड़ा। इससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हुई और कई शिक्षकों को निजी स्तर पर व्यवस्था करनी पड़ी। इसके अलावा, स्वास्थ्य विभाग में चिकित्सा अधिकारियों और नर्सों की भर्ती के लिए आउटसोर्स एजेंसियों के माध्यम से नियुक्तियों को लेकर भी गंभीर सवाल उठाए गए हैं।
जयराम ठाकुर ने आरोप लगाया कि सरकार से जुड़े कुछ लोगों ने भर्ती प्रक्रियाओं को प्रभावित किया है और इस मामले में उच्च न्यायालय ने भी कड़ी टिप्पणियां की थीं। उन्होंने हाल ही में हुई पुलिस भर्ती परीक्षा का जिक्र करते हुए कहा कि परीक्षा में शामिल अभ्यर्थियों ने बड़े पैमाने पर चीटिंग के आरोप लगाए थे। ठाकुर ने यह भी कहा कि पुलिस की कार्रवाई में पेपर बेचने और खरीदने के आरोपियों की गिरफ्तारी हुई, और नकदी तथा लेन-देन के सबूत भी मिले, लेकिन इसके बावजूद सरकार ने मामले की जांच को आगे नहीं बढ़ाया। उन्होंने भाजपा सरकार के कार्यकाल का उदाहरण देते हुए कहा कि जब पुलिस भर्ती पेपर लीक का मामला सामने आया था, तब तुरंत एफआईआर दर्ज की गई, एसआईटी का गठन किया गया, परीक्षा रद्द कर दोबारा आयोजित की गई और मामले की सीबीआई जांच की सिफारिश की गई थी।









