Kedarnath: 'बम-बम भोले' के जयकारों से गूंजी केदारघाटी, बाबा के धाम में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़

रुद्रप्रयाग से संवाद सहयोगी के अनुसार, सावन मास के दूसरे सोमवार को केदारनाथ धाम और जनपद के अन्य शिवालयों में भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिली। इस अवसर पर श्रद्
रुद्रप्रयाग से संवाद सहयोगी के अनुसार, सावन मास के दूसरे सोमवार को केदारनाथ धाम और जनपद के अन्य शिवालयों में भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिली। इस अवसर पर श्रद्धालुओं ने मंदिरों में जाकर पूजा-अर्चना की और भोले बाबा का जलाभिषेक किया। भक्तों ने मनौतियां मांगते हुए भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने की कामना की। प्रसिद्ध कोटेश्वर मंदिर में सुरक्षा के लिए पुलिस टीमें तैनात की गई थीं, ताकि भक्तों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। सुबह से ही भक्तों का आना शुरू हो गया था, जो पूरे दिन जारी रहा।
केदारनाथ धाम के साथ-साथ विश्वनाथ मंदिर गुप्तकाशी, ओंकारेश्वर ऊखीमठ, द्वितीय केदार मध्यमेश्वर और तृतीय केदार तुंगनाथ में भी भक्तों ने भगवान शिव की पूजा की। भक्तों ने बेलपत्र, फल और अन्य सामग्री चढ़ाकर अपने परिवार की सुख-समृद्धि के लिए आशीर्वाद मांगा। नगर रुद्रप्रयाग के कोटेश्वर महादेव और रुद्रनाथ मंदिर में सुबह पांच बजे से ही 'बम-बम भोले' के जयकारे गूंजने लगे थे। भक्तों ने मंदाकिनी और अलकनंदा नदी के तट पर स्नान करने के बाद मंदिरों में पूजा-अर्चना की।
इस दौरान कई भक्तों ने वर्षफल की पूजा-पाठ और जप भी किया। पूरे दिन मंदिरों में भक्तों की आवाजाही बनी रही। भक्तों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कोटेश्वर में दिनभर पुलिस बल तैनात रहा। जिला मुख्यालय के अलावा तिलवाड़ा, अगस्त्यमुनि, गुप्तकाशी, ऊखीमठ, फाटा, गौरीकुंड, चोपड़ा और जखोली जैसे स्थानों पर भी शिवालयों में भक्तों की भीड़ उमड़ी रही। इस प्रकार, सावन के दूसरे सोमवार को केदारनाथ धाम और आसपास के क्षेत्रों में धार्मिक उत्सव का माहौल बना रहा, जहां श्रद्धालुओं ने भगवान शिव की आराधना की।









