Police Action in Ghazipur: अपहरण के मामले में फरार आरोपी गिरफ्तार

गाजीपुर पुलिस ने अपहरण के एक पुराने मामले में फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। कासिमाबाद पुलिस ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया, जिसमें आ
गाजीपुर पुलिस ने अपहरण के एक पुराने मामले में फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। कासिमाबाद पुलिस ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया, जिसमें आरोपी रजनीश कुमार को सलामतपुर दुर्गा मंदिर के पास से पकड़ा गया। पुलिस ने युवती को भी सुरक्षित बरामद कर लिया है। इस मामले में पुलिस ने युवती को मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा है और उसके बयान भी न्यायालय में दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। कोतवाल राजेश कुमार त्रिपाठी के नेतृत्व में रविवार को पुलिस टीम क्षेत्र में गश्त कर रही थी, तभी उन्हें वादी से सूचना मिली कि युवती और आरोपी मंदिर के पास मौजूद हैं। सूचना मिलते ही उपनिरीक्षक मोहम्मद अतहर और अन्य पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और कार्रवाई की। पुलिस ने आरोपी को थाने लाकर आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की और उसे न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
इसके अलावा, कासिमाबाद पुलिस ने एक और अपहरण के मामले में वांछित आरोपी अभिषेक चौहान को भी गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई सोमवार सुबह की गई, जब कोतवाल राजेश कुमार त्रिपाठी के नेतृत्व में पुलिस टीम गश्त कर रही थी। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने कासिमाबाद चौराहे से अभिषेक चौहान को सुबह 6:10 बजे गिरफ्तार किया। पुलिस ने बताया कि आरोपी का चालान कर उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। इस प्रकार, गाजीपुर पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ अपनी कार्रवाई को और तेज कर दिया है और वांछित अभियुक्तों को पकड़ने में सफलता प्राप्त की है।
गाजीपुर पुलिस की इस कार्रवाई से क्षेत्र में सुरक्षा की भावना बढ़ी है। पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का संकल्प लिया है और क्षेत्र में गश्त को बढ़ाने का निर्णय लिया है। कोतवाल राजेश कुमार त्रिपाठी ने कहा कि पुलिस का मुख्य उद्देश्य अपराधियों को पकड़ना और जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। उन्होंने बताया कि पुलिस लगातार अपराधियों की गतिविधियों पर नजर रख रही है और किसी भी सूचना पर त्वरित कार्रवाई करने के लिए तैयार है। इस प्रकार, गाजीपुर पुलिस ने न केवल एक बल्कि दो महत्वपूर्ण गिरफ्तारियां की हैं, जिससे यह स्पष्ट होता है कि वे अपराधियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रहे हैं।









