Restoration of Delhi Ridge: रिज के जंगलों को फिर मिलेगा प्राकृतिक स्वरूप, DDA हटाएगा 16000 विदेशी पेड़; लगाएगा 1 लाख देशी पौधे

राजधानी दिल्ली के रिज क्षेत्र में प्राकृतिक स्वरूप को पुनर्स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए जा रहे हैं। दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) ने इस क्षेत्र
राजधानी दिल्ली के रिज क्षेत्र में प्राकृतिक स्वरूप को पुनर्स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए जा रहे हैं। दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) ने इस क्षेत्र में पर्यावरण सुधार के लिए एक व्यापक योजना तैयार की है। इस योजना के अंतर्गत रिज के लगभग 120 हेक्टेयर क्षेत्र को शामिल किया जाएगा। यह केवल पेड़-पौधों की रोपाई तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसका उद्देश्य यहां के मूल प्राकृतिक वातावरण को पुनर्जीवित करना भी है। एलजी तरनजीत सिंह संधू ने डीडीए को निर्देशित किया है कि वे वैज्ञानिक तरीके से इस क्षेत्र को सुधारें और पुरानी हरियाली तथा देशी पेड़-पौधों को वापस लाने का प्रयास करें।
डीडीए के अधिकारियों ने जानकारी दी है कि वर्तमान पौधारोपण अभियान जुलाई के पहले सप्ताह में शुरू हुआ था और यह मध्य सितंबर तक जारी रहेगा। इस अभियान के तहत डीडीए ने अब तक दिल्ली भर में 8,29,313 पौधों का रोपण किया है। इनमें 35,570 वृक्ष और 7,93,743 झाड़ियां शामिल हैं। रिज क्षेत्रों में 27,062 पौधों का रोपण किया गया है, जिसमें 12,506 वृक्ष और 14,556 झाड़ियां सम्मिलित हैं। यह पहल न केवल पर्यावरण को सुधारने में मदद करेगी, बल्कि स्थानीय जीव-जंतु और पारिस्थितिकी तंत्र को भी सुदृढ़ करेगी।
इस योजना के तहत डीडीए ने विदेशी पेड़ों को हटाने का निर्णय लिया है, जिनकी संख्या लगभग 16,000 है। इन पेड़ों को हटाने के बाद, डीडीए एक लाख देशी पौधे लगाएगा, जिससे क्षेत्र की जैव विविधता में वृद्धि होगी। यह कदम न केवल दिल्ली के पर्यावरण को सुधारने में सहायक होगा, बल्कि स्थानीय निवासियों के लिए भी एक स्वस्थ और हरित वातावरण प्रदान करेगा। इस प्रकार, रिज क्षेत्र का पुनर्स्थापन न केवल एक पर्यावरणीय आवश्यकता है, बल्कि यह दिल्ली की सांस्कृतिक और प्राकृतिक धरोहर को भी संरक्षित करने का एक प्रयास है।









