Rishikesh News: मच्छरों से बचाव के निर्देश बेअसर

ऋषिकेश में निजी विद्यालयों में बच्चों की यूनिफॉर्म को लेकर जारी निर्देशों की अनदेखी की जा रही है। जुलाई माह से विद्यालयों को यह निर्देश दिए गए थे कि बच्चों को ड
ऋषिकेश में निजी विद्यालयों में बच्चों की यूनिफॉर्म को लेकर जारी निर्देशों की अनदेखी की जा रही है। जुलाई माह से विद्यालयों को यह निर्देश दिए गए थे कि बच्चों को डेंगू और अन्य मच्छरजनित बीमारियों से बचाने के लिए उनकी यूनिफॉर्म में फुल पैंट और फुल कमीज अनिवार्य की जाए। लेकिन इसके बावजूद, कई विद्यालयों में बच्चे अब भी निक्कर, हाफ शर्ट और स्कर्ट पहनकर स्कूल पहुंच रहे हैं। यह स्थिति तब है जब मानसून के साथ ही डेंगू का खतरा बढ़ जाता है, जिससे बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। विद्यालयों को यह निर्देश दिए गए थे कि बच्चों के शरीर को अधिक से अधिक ढककर उन्हें मच्छरों के काटने से बचाया जाए, लेकिन अधिकांश निजी स्कूल इन निर्देशों का पालन नहीं कर रहे हैं। विद्यालयों में अब भी छात्र निक्कर और हाफ कमीज में आ रहे हैं, जिससे उनकी सुरक्षा को खतरा है।
इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए स्वास्थ्य विभाग ने शहर के प्रत्येक वार्ड में सर्वे करने और मच्छरों के लार्वा को नष्ट करने का कार्य शुरू किया है। लगातार हो रही बारिश के कारण जलभराव की स्थिति बन गई है, जिससे डेंगू मच्छर के लार्वा पनपने का खतरा बढ़ गया है। जिला प्रशासन ने डेंगू से बचाव के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं और सभी विद्यालयों को इस संबंध में अवगत कराया गया है। निर्देशों का पालन न करने वाले विद्यालयों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह जानकारी जिला शिक्षाधिकारी प्राथमिक, देहरादून, पीएल भारती ने दी है।
विद्यालयों की ओर से यूनिफॉर्म में बदलाव के लिए गंभीरता नहीं बरती जा रही है, जबकि स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन द्वारा बच्चों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। इस स्थिति में विद्यालयों को चाहिए कि वे निर्देशों का पालन करें और बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता दें। यदि विद्यालयों ने समय रहते इस दिशा में कदम नहीं उठाए, तो उन्हें गंभीर परिणामों का सामना करना पड़ सकता है। यह आवश्यक है कि सभी विद्यालय मिलकर इस समस्या का समाधान करें ताकि बच्चों को सुरक्षित रखा जा सके और उन्हें मच्छरों से बचाया जा सके।









