School Incident in Meerut: कक्षा पांच की छात्रा के तीन घंटे तक स्कूल में बंद रहने पर BSA ने की कार्रवाई

मेरठ जिले के सरूरपुर ब्लाक में स्थित प्राथमिक विद्यालय नंबर-1 में एक गंभीर घटना सामने आई है, जिसमें कक्षा पांच की छात्रा रश्मि को कक्षा में तीन घंटे तक बंद रहना
मेरठ जिले के सरूरपुर ब्लाक में स्थित प्राथमिक विद्यालय नंबर-1 में एक गंभीर घटना सामने आई है, जिसमें कक्षा पांच की छात्रा रश्मि को कक्षा में तीन घंटे तक बंद रहना पड़ा। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए बीएसए आशा चौधरी ने मंगलवार को प्रधानाध्यापक राजीव कुमार और सहायक अध्यापक उमेश कुमार को निलंबित कर दिया है। इसके साथ ही दोनों के खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है। इस घटना ने न केवल स्कूल प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं, बल्कि ग्रामीणों में भी आक्रोश पैदा कर दिया है। जांच के दौरान यह पता चला कि छात्रा छुट्टी के बाद कक्षा में बंद रह गई थी, जबकि शिक्षकों ने कक्षाओं की जांच किए बिना ही विद्यालय का ताला लगा दिया था।
रश्मि, जो बहादरपुर निवासी संजय की बेटी है, शनिवार को स्कूल में बंद रह गई थी। उसकी बड़ी बहन लक्की कक्षा आठ में पढ़ती है। जब रश्मि काफी देर तक घर नहीं पहुंची, तो उसके परिवार वालों ने उसकी तलाश शुरू की। जब उसका कोई पता नहीं चला, तो स्वजन और ग्रामीण विद्यालय पहुंचे। लगभग तीन घंटे बाद छात्रा को कक्षा का ताला खोलकर बाहर निकाला गया। इस घटना के बाद ग्रामीणों ने शिक्षकों की लापरवाही के खिलाफ धरना दिया और प्रधानाध्यापक पर आरोप लगाया। कार्यवाहक खंड शिक्षा अधिकारी सुदर्शन लाल ने मौके पर पहुंचकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया।
बीएसए ने निलंबन के दौरान प्रधानाध्यापक राजीव कुमार को प्राथमिक विद्यालय खरकाली परीक्षितगढ़ और सहायक अध्यापक उमेश कुमार को प्राथमिक विद्यालय ढिकैनी परीक्षितगढ़ से संबद्ध किया है। इसके अलावा, सहायक अध्यापिकाओं अरुणा रानी, अनीता और शालिनी त्यागी के सेवा अभिलेख में परिनिंदा प्रविष्टि दर्ज करते हुए उन्हें भविष्य में ऐसी लापरवाही न बरतने की चेतावनी दी गई है। इस घटना ने शिक्षा प्रणाली की जिम्मेदारी और शिक्षक की भूमिका पर गंभीर सवाल उठाए हैं। अब देखना यह है कि इस मामले में आगे क्या कार्रवाई की जाती है और क्या इससे भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने में मदद मिलेगी।









