Survey of Encroachment Removal: पटना में गंगा किनारे से हटेगा अतिक्रमण, जमीन का टीम ने किया सर्वे; 193 लोगों को नोटिस

पटना सिटी से प्राप्त जानकारी के अनुसार, गंगा किनारे की असर्वेक्षित भूमि का सर्वेक्षण करने के लिए सारण और पटना जिले के अधिकारियों की एक टीम सोमवार को现场 पर पहुंची
पटना सिटी से प्राप्त जानकारी के अनुसार, गंगा किनारे की असर्वेक्षित भूमि का सर्वेक्षण करने के लिए सारण और पटना जिले के अधिकारियों की एक टीम सोमवार को现场 पर पहुंची। इस टीम में सारण से आए एडीएम, सोनपुर के अंचलाधिकारी, पटना के एडीएम कुमार ओमकेश्वर, एसडीओ सत्यम सहाय, और पटना सिटी के अंचलाधिकारी चंदन कुमार शामिल थे। इन अधिकारियों ने गंगा किनारे के विभिन्न स्थलों का निरीक्षण किया। इस दौरान, अनुमंडलाधिकारी सत्यम सहाय ने बताया कि गंगा किनारे रहने वाले 193 लोगों को नोटिस जारी किया गया है। यह नोटिस उन लोगों के लिए है जो अवैध रूप से गंगा किनारे की असर्वेक्षित भूमि पर कब्जा किए हुए हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि इस भूमि पर से अतिक्रमण हटाने के लिए एक अभियान चलाया जाएगा।
सर्वेक्षण के दौरान अधिकारियों ने बताया कि सारण से पटना जिले को स्थानांतरित की गई असर्वेक्षित भूमि पर से अतिक्रमण हटाने का कार्य जल्द शुरू किया जाएगा। इस प्रक्रिया के दौरान, गंगा किनारे रहने वाले लोगों में अफरातफरी मच गई है, क्योंकि कई लोग वर्षों से इस भूमि पर निवास कर रहे हैं और अब उनके आशियाने उजड़ने का खतरा मंडरा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि सारण की ओर से पटना जिले को गंगा किनारे की थाना संख्या 169 और 170 की असर्वेक्षित भूमि का स्थानांतरण किया गया है। इस भूमि पर कब्जा किए हुए लोग थाना संख्या 110 की रसीद दिखा रहे हैं, जो कि उनके दावे का आधार है।
अधिकारियों ने कब्जाधारियों को निर्देशित किया है कि वे सोनपुर के बाबा हरिहरनाथ क्षेत्र में स्थित थाना संख्या 110 में अपनी जमीन की जानकारी प्राप्त करें। एसडीओ सत्यम सहाय ने कहा कि निरीक्षण के दौरान यह तय किया गया कि सोनपुर के अंचलाधिकारी के माध्यम से जारी की गई ऐसी जमाबंदी रसीदों को रद्द किया जाएगा। इस कदम से यह सुनिश्चित किया जाएगा कि गंगा किनारे की भूमि पर से अवैध कब्जा हटाया जा सके और इस क्षेत्र को पुनः व्यवस्थित किया जा सके। इस अभियान को लेकर स्थानीय निवासियों में चिंता का माहौल है, लेकिन अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई कानून के अनुसार की जा रही है।









