Task Force Begins Work: नंदन नीलेकणि की अध्यक्षता में गठित टास्क फोर्स ने कामकाज संभाला

नई दिल्ली से मिली जानकारी के अनुसार, आधार और यूपीआई के माध्यम से भारत को वैश्विक पहचान दिलाने वाले नंदन नीलेकणि की अध्यक्षता में गठित हाई-पावर्ड टास्क फोर्स ने
नई दिल्ली से मिली जानकारी के अनुसार, आधार और यूपीआई के माध्यम से भारत को वैश्विक पहचान दिलाने वाले नंदन नीलेकणि की अध्यक्षता में गठित हाई-पावर्ड टास्क फोर्स ने सोमवार को औपचारिक रूप से अपने कार्यों की शुरुआत की। इस टास्क फोर्स का मुख्य उद्देश्य परीक्षा प्रणाली में सुधार लाना है, जिससे छात्रों को बेहतर अवसर और पारदर्शिता मिल सके। इस दौरान टास्क फोर्स के सभी सदस्य वर्चुअल माध्यम से जुड़े रहे और आगामी बैठकों की रूपरेखा पर चर्चा की। उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही दिल्ली में एक आमने-सामने की बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें परीक्षा सुधार से संबंधित महत्वपूर्ण मुद्दों पर विचार किया जाएगा। टास्क फोर्स ने एनटीए से परीक्षा से जुड़ी जानकारी भी मांगी है, ताकि वे बेहतर सुझाव दे सकें।
सूत्रों के अनुसार, टास्क फोर्स अपने सुझाव देने से पहले एनटीए की वर्तमान परीक्षा प्रक्रिया का गहन अध्ययन करेगी। इसमें यह देखा जाएगा कि परीक्षाएं किस प्रकार आयोजित की जाती हैं, प्रश्न पत्र कैसे तैयार किए जाते हैं, और कितनी परीक्षाएं ऑफलाइन या ऑनलाइन होती हैं। ऑफलाइन परीक्षाओं के प्रश्न पत्रों की प्रिंटिंग की प्रक्रिया को भी समझा जाएगा। इसके अलावा, कंप्यूटर आधारित परीक्षाओं में उपयोग होने वाले सॉफ्टवेयर और एजेंसियों की जानकारी भी एकत्र की जाएगी। डाटा सुरक्षा के लिए वर्तमान में क्या व्यवस्थाएं हैं, इस पर भी ध्यान दिया जाएगा।
सूत्रों के मुताबिक, टास्क फोर्स को अगले वर्ष होने वाली परीक्षाओं से पहले सुधारों से संबंधित सिफारिशें तैयार करने और उनके कार्यान्वयन का रोडमैप प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है। यह महत्वपूर्ण कदम न केवल परीक्षा प्रणाली को अधिक प्रभावी बनाने में मदद करेगा, बल्कि छात्रों के लिए एक पारदर्शी और निष्पक्ष परीक्षा वातावरण भी सुनिश्चित करेगा। नंदन नीलेकणि की नेतृत्व में यह टास्क फोर्स शिक्षा के क्षेत्र में एक नई दिशा देने का प्रयास कर रही है, जिससे भारत की परीक्षा प्रणाली को वैश्विक मानकों के अनुरूप लाया जा सके।









