Tata Power's Strong Q1 Performance: टाटा पावर का पहली तिमाही में शानदार प्रदर्शन, 1401 करोड़ का मुनाफा

जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। टाटा पावर ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में अपने वित्तीय प्रदर्शन में उल्लेखनीय सुधार किया है। कंपनी का शुद्ध लाभ
जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। टाटा पावर ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में अपने वित्तीय प्रदर्शन में उल्लेखनीय सुधार किया है। कंपनी का शुद्ध लाभ 11 प्रतिशत बढ़कर 1,401 करोड़ रुपये तक पहुँच गया है, जबकि पिछले वर्ष की समान अवधि में यह 1,262 करोड़ रुपये था। इस दौरान कंपनी का कुल राजस्व भी 8 प्रतिशत बढ़कर 18,898 करोड़ रुपये हो गया, और एबिटा में भी 8 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जो 4,249 करोड़ रुपये तक पहुँच गई। यह आंकड़े दर्शाते हैं कि टाटा पावर ने अपने वित्तीय लक्ष्यों को सफलतापूर्वक प्राप्त किया है और भविष्य में भी इसी दिशा में आगे बढ़ने की योजना बना रही है।
कंपनी द्वारा जारी वित्तीय तिमाही आंकड़ों के अनुसार, आलोच्य अवधि में टाटा पावर ने 5,375 करोड़ रुपये का रिकार्ड पूंजी निवेश (कैपेक्स) किया, जो किसी एक तिमाही में अब तक का सबसे अधिक है। यह निवेश मुख्य रूप से नवीकरणीय ऊर्जा, ट्रांसमिशन नेटवर्क और ऊर्जा भंडारण परियोजनाओं पर केंद्रित रहा। टाटा पावर के नवीकरणीय ऊर्जा कारोबार ने इस तिमाही में शानदार प्रदर्शन किया है, जिसमें इस खंड का शुद्ध लाभ 15 प्रतिशत बढ़कर 612 करोड़ रुपये तक पहुँच गया है। सोलर सेल और माड्यूल निर्माण इकाई का लाभ लगभग चार गुना बढ़कर 371 करोड़ रुपये हो गया, जबकि रूफटाप सोलर कारोबार का मुनाफा 145 करोड़ रुपये रहा। इस दौरान कंपनी ने 371 मेगावाट रूफटाप सोलर क्षमता स्थापित की, जिससे उसकी कुल स्थापित रूफटाप क्षमता 5.2 गीगावाट तक पहुँच गई है।
ट्रांसमिशन एवं डिस्ट्रीब्यूशन कारोबार से भी बेहतर नतीजे प्राप्त हुए हैं, जिसमें इस खंड का लाभ 492 करोड़ रुपये रहा। ओडिशा की बिजली वितरण कंपनियों ने 111 करोड़ रुपये का मुनाफा दर्ज किया और इस राज्य में एक करोड़ पंजीकृत उपभोक्ता बनाने वाली देश की पहली निजी बिजली वितरण कंपनी बनने का गौरव हासिल किया। तिमाही के दौरान कंपनी का कुल नवीकरणीय ऊर्जा पोर्टफोलियो बढ़कर 12 गीगावाट हो गया, जिसमें 5.3 गीगावाट परियोजनाएं निर्माणाधीन हैं। महाराष्ट्र के भिवपुरी पंप्ड हाइड्रो स्टोरेज प्रोजेक्ट, कर्नाटक की नई ट्रांसमिशन परियोजना और भूटान के जलविद्युत परियोजनाओं में भी प्रगति दर्ज की गई है। टाटा पावर के मुख्य कार्यपालक अधिकारी सह प्रबंध निदेशक डाॅ. प्रवीर सिन्हा ने कहा कि कंपनी चौबीसों घंटे स्वच्छ और भरोसेमंद बिजली उपलब्ध कराने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। सौर, पवन, बैटरी स्टोरेज और पंप्ड स्टोरेज परियोजनाओं में किया जा रहा निवेश भविष्य की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के साथ-साथ कंपनी की दीर्घकालिक विकास रणनीति को भी मजबूती देगा।









