Tata Steel warns UK government: सस्ते आयात से प्लांट बंद होने का खतरा; रोजगार पर बड़ा संकट

जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। भारतीय इस्पात क्षेत्र की प्रमुख कंपनी टाटा स्टील ने ब्रिटेन की सरकार को चेतावनी दी है कि वहां की आयात नीति में किए गए हालिया बदलावों
जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। भारतीय इस्पात क्षेत्र की प्रमुख कंपनी टाटा स्टील ने ब्रिटेन की सरकार को चेतावनी दी है कि वहां की आयात नीति में किए गए हालिया बदलावों और एशियाई देशों से सस्ते स्टील के आयात के कारण उसके ब्रिटिश प्लांट बंद होने के कगार पर पहुंच सकते हैं। टाटा स्टील ने स्पष्ट किया है कि यदि अनुचित प्रतिस्पर्धा से सुरक्षा प्रदान नहीं की गई, तो दक्षिण वेल्स स्थित उसके प्रमुख प्लांट आर्थिक रूप से अलाभकारी हो जाएंगे, जिससे हजारों नौकरियां दांव पर लग सकती हैं। यह चेतावनी ब्रिटेन सरकार की नई टैरिफ कोटा व्यवस्था लागू होने के बाद आई है, जिसका मुख्य उद्देश्य चीन, भारत और वियतनाम जैसे एशियाई देशों से होने वाले सस्ते स्टील के प्रवाह को नियंत्रित करना है। इस नीति के तहत निर्धारित सीमा से अधिक आयात होने पर 50 प्रतिशत तक सीमा शुल्क लगाने का प्रावधान है।
हालांकि, गैल्वनाइज्ड (जस्ता लेपित) स्टील श्रेणी में इस नीति के कारण भारी भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो गई है। वियतनाम के लिए वार्षिक कोटा सीमा को 51,000 टन से तीन गुना बढ़ाकर 1,74,000 टन कर दिया गया है, जबकि भारत के लिए भी यह कोटा 98,000 टन से बढ़ाकर 1,25,000 टन सालाना किया गया है। टाटा स्टील का दक्षिण वेल्स स्थित लैनवर्न प्लांट सालाना लगभग 6 लाख टन गैल्वनाइज्ड स्टील का उत्पादन करता है। कंपनी का मानना है कि नई नीति के बाद बाजार में वियतनाम और भारत के सस्ते स्टील की बाढ़ आने से घरेलू उत्पादों की मांग बेहद कम हो जाएगी। टाटा स्टील ने ब्रिटिश सरकार को आगाह किया है कि इस विषम स्थिति में घरेलू स्टील इकाइयों का परिचालन जारी रखना पूरी तरह से असंभव हो जाएगा।









