Ticket Cancellation Revenue: रेलवे टिकट कैंसिलेशन से कितनी कमाई होती है?

भारतीय रेलवे ने टिकट कैंसिलेशन और बिना कैंसिल किए गए वेटिंग टिकटों के जब्त किराए से होने वाली आय का कोई अलग जोन-वार रिकॉर्ड नहीं रखा है। यह जानकारी रेल मंत्री अ
भारतीय रेलवे ने टिकट कैंसिलेशन और बिना कैंसिल किए गए वेटिंग टिकटों के जब्त किराए से होने वाली आय का कोई अलग जोन-वार रिकॉर्ड नहीं रखा है। यह जानकारी रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने राज्यसभा में एक लिखित जवाब के दौरान दी। कांग्रेस सांसद चंद्रकांत हंडोरे ने 24 जुलाई को पिछले तीन वर्षों में टिकट कैंसिलेशन शुल्क और वेटिंग टिकटों से हुई आय का ब्योरा मांगा था। उन्होंने रेलवे द्वारा कैंसिलेशन पेमेंट के माध्यम से भारी टैक्स जुटाने पर चिंता भी व्यक्त की थी। रेल मंत्री ने स्पष्ट किया कि वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस और अमृत भारत एक्सप्रेस को छोड़कर अन्य सामान्य ट्रेनों के लिए नियम अलग हैं। यदि कोई कंफर्म टिकट ट्रेन के रवाना होने से 48 घंटे पहले तक कैंसिल किया जाता है, तो निर्धारित शुल्क कटता है। फर्स्ट एसी/एग्जीक्यूटिव क्लास के लिए 240 रुपये, सेकेंड एसी/फर्स्ट क्लास के लिए 200 रुपये, थर्ड एसी/एसी चेयर कार/3A इकोनॉमी के लिए 180 रुपये, स्लीपर क्लास के लिए 120 रुपये और रिजर्व्ड सेकेंड क्लास के लिए 60 रुपये का कैंसिलेशन शुल्क लागू होता है। यदि टिकट 48 घंटे से लेकर 12 घंटे पहले तक कैंसिल किया जाए, तो किराए का 25 प्रतिशत हिस्सा कटता है। ट्रेन छूटने के 12 घंटे से लेकर 4 घंटे पहले तक कैंसिल कराने पर 50 प्रतिशत किराया कट जाता है। हालांकि, ट्रेन रवाना होने के 4 घंटे से कम समय पहले कंफर्म टिकट रद्द कराने पर कोई रिफंड नहीं मिलता है। वेटिंग या RAC टिकटों को ट्रेन छूटने से 30 मिनट पहले तक कैंसिल कराया जा सकता है, जिसमें 60 रुपये प्रति यात्री क्लर्केज फीस काटी जाती है।
वंदे भारत स्लीपर और नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों के कंफर्म टिकट कैंसिलेशन के लिए तीन अलग-अलग स्लैब बनाए गए हैं। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इन ट्रेनों के लिए अलग नियमों का तर्क देते हुए कहा कि इन ट्रेनों के कंफर्म टिकटों के लिए अलग रिफंड नियम इसलिए बनाए गए हैं ताकि असामाजिक तत्वों के फर्जी या सट्टेबाजी वाली बुकिंग को बढ़ावा देने से रोका जा सके। उन्होंने यह भी बताया कि इससे नई अमृत भारत एक्सप्रेस के स्लीपर क्लास के कंफर्म टिकटों के लिए कुछ दूरी पर मिनिमम कैंसिलेशन चार्ज सामान्य ट्रेनों के मुकाबले में कम हो गया है। इन प्रीमियम ट्रेनों में वेटिंग या RAC टिकटों के नियमों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। इस प्रकार, रेलवे द्वारा टिकट कैंसिलेशन से होने वाली आय का कोई स्पष्ट रिकॉर्ड न होने के बावजूद, यह प्रक्रिया यात्रियों के लिए महत्वपूर्ण है और इसके नियमों का पालन करना आवश्यक है।









