UP: अब हर शुक्रवार मिड-डे मील में बच्चों को मिलेगा सूजी का हलवा, कर्मियों का मानदेय भी 10% बढ़ा

राज्य ब्यूरो, लखनऊ। उत्तर प्रदेश के सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों में पीएम पोषण योजना के अंतर्गत पढ़ने वाले बच्चों के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। अ
राज्य ब्यूरो, लखनऊ। उत्तर प्रदेश के सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों में पीएम पोषण योजना के अंतर्गत पढ़ने वाले बच्चों के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। अब हर शुक्रवार को बच्चों को सूजी का हलवा दिया जाएगा। यह निर्णय मध्याह्न भोजन प्राधिकरण की 31वीं प्रबंधकारिणी समिति की बैठक में मुख्य सचिव एसपी गोयल की अध्यक्षता में लिया गया। इस बैठक में यह भी तय किया गया कि संविदा कार्मिकों के मानदेय में 10 प्रतिशत की वृद्धि की जाएगी और उनकी अधिकतम आयु सीमा को 60 वर्ष तक बढ़ाया जाएगा। यह निर्णय बच्चों को पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराने के साथ-साथ योजना के संचालन में लगे कार्मिकों के हितों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।
बैठक में यह भी बताया गया कि पीएम पोषण योजना से जुड़े सभी विद्यालयों में अक्टूबर से जनवरी 2027 तक प्रत्येक शुक्रवार को विद्यार्थियों को सप्लीमेंट्री न्यूट्रीशन के रूप में सूजी का हलवा दिया जाएगा। इस योजना के तहत कुल 14 विद्यालय दिवसों में से सात दिन मीठा और सात दिन नमकीन हलवा परोसा जाएगा। इसके अलावा, रसोइयों को प्रति छात्र प्रति कार्य दिवस दो रुपये अतिरिक्त पारिश्रमिक भी दिया जाएगा। यह पहली बार है जब वर्ष 2016 के बाद संविदा कार्मिकों के मानदेय में वृद्धि की गई है, जिससे उनके कार्य के प्रति प्रोत्साहन बढ़ेगा।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि विद्यालयों में कार्यरत रसोइयों की अधिकतम आयु सीमा को बढ़ाकर 62 वर्ष कर दिया जाएगा। इसके साथ ही, रसोइये शिक्षकों की तरह शैक्षिक सत्र पूरा होने तक कार्य करेंगे। नए सत्र से पहले नए रसोइयों का चयन किया जाएगा। इसके अलावा, मध्यान्ह भोजन प्राधिकरण में सहायक निदेशक के चार पदों को प्रतिनियुक्ति से भरने का निर्णय भी लिया गया है। इन पदों पर शिक्षा विभाग के अलावा केंद्र सरकार, राज्य सरकार, अन्य राज्यों और सार्वजनिक उपक्रमों के अधिकारियों को नियुक्त किया जा सकेगा। इस प्रकार, राज्य सरकार बच्चों को पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराने के साथ-साथ योजना के संचालन में लगे कार्मिकों के हितों का भी पूरा ध्यान रख रही है।









