Heavy Rain in Patiala: पटियाला में कुदरत का कहर, साढ़े 3 घंटे में 143 MM मूसलाधार बारिश

पटियाला में मंगलवार तड़के हुई मूसलधार वर्षा ने शहर की जल निकासी व्यवस्था की कमियों को उजागर कर दिया है। रात करीब दो बजे शुरू हुई यह बारिश सुबह साढ़े पांच बजे तक
पटियाला में मंगलवार तड़के हुई मूसलधार वर्षा ने शहर की जल निकासी व्यवस्था की कमियों को उजागर कर दिया है। रात करीब दो बजे शुरू हुई यह बारिश सुबह साढ़े पांच बजे तक लगातार जारी रही। इस दौरान महज साढ़े तीन घंटे में 143 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई, जो इस मानसून सीजन की सबसे अधिक बारिश मानी जा रही है। तेज बारिश के कारण शहर के कई इलाके जलमग्न हो गए, जिससे लोगों को सुबह के समय जलभराव के बीच आवागमन में कठिनाई का सामना करना पड़ा। शहर के प्रमुख क्षेत्रों जैसे किताबां वाला बाजार, बहेड़ा रोड, माल रोड, ओल्ड बिशन नगर और लहल कॉलोनी में सड़कों ने तालाब का रूप ले लिया। कई स्थानों पर घरों और दुकानों के बाहर पानी भर गया, जिससे स्थानीय निवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। कार्यालयों, स्कूलों और बाजारों की ओर जाने वाले लोगों को जलभराव के कारण लंबा इंतजार करना पड़ा और कई को वैकल्पिक रास्तों का सहारा लेना पड़ा।
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, इस वर्षा ने जुलाई महीने में केवल 60 से 70 मिलीमीटर बारिश की तुलना में अगस्त के चौथे दिन एक दिन में लगभग दोगुनी बारिश दर्ज की। यह आंकड़ा मानसून की सक्रियता को दर्शाता है। लगातार हुई बारिश के कारण तापमान में गिरावट आई, जिससे लोगों को उमस और गर्मी से थोड़ी राहत मिली, लेकिन जलभराव ने राहत पर भारी पड़ते हुए शहरवासियों की मुश्किलें बढ़ा दीं। जल निकासी की धीमी गति के कारण कई घंटों तक पानी जमा रहा, जिससे आम जनजीवन प्रभावित हुआ।
मौसम विभाग ने आगामी दिनों में भी मानसून के सक्रिय रहने की संभावना जताई है। ऐसे में शहरवासियों की निगाहें अब नगर निगम और प्रशासन की तैयारियों पर टिकी हैं कि जलभराव की समस्या से राहत के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं। स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि जल निकासी व्यवस्था को बेहतर बनाया जाए ताकि भविष्य में ऐसी समस्याओं का सामना न करना पड़े। बारिश के कारण हुए जलभराव ने न केवल यातायात को प्रभावित किया, बल्कि लोगों के दैनिक जीवन को भी कठिन बना दिया है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस स्थिति से निपटने के लिए क्या उपाय करता है।
















