Heavy Rainfall Boosts Dam Levels: झमाझम बारिश से लबालब होने लगे डैम, बिजली उत्पादन तेज

मैथन (धनबाद) में लगातार दो दिनों से हो रही मूसलधार बारिश ने मैथन और पंचेत डैम के जलस्तर में उल्लेखनीय वृद्धि की है। इस बारिश के कारण जलस्तर में आई बढ़ोतरी से डी
मैथन (धनबाद) में लगातार दो दिनों से हो रही मूसलधार बारिश ने मैथन और पंचेत डैम के जलस्तर में उल्लेखनीय वृद्धि की है। इस बारिश के कारण जलस्तर में आई बढ़ोतरी से डीवीसी ने दोनों हाइडल परियोजनाओं में बिजली उत्पादन को भी तेज कर दिया है। तीन अगस्त को मैथन डैम का जलस्तर 463 फीट था, जो चार अगस्त को 464.99 फीट और बुधवार शाम छह बजे तक बढ़कर 465.45 फीट तक पहुंच गया। इसी तरह पंचेत डैम का जलस्तर भी 402 फीट से बढ़कर 404 फीट हो गया है। अधिकारियों का कहना है कि यदि बारिश का यह सिलसिला जारी रहा, तो दोनों जलाशयों की जलस्तर में और तेजी से वृद्धि हो सकती है।
जलस्तर में वृद्धि के साथ ही स्थानीय नाविकों और पर्यटन व्यवसाय से जुड़े लोगों के चेहरे भी खिल उठे हैं। डीवीसी के अनुसार, मानसून के दौरान इन हाइडल परियोजनाओं से राज्य और राष्ट्रीय ग्रिड को अतिरिक्त बिजली उपलब्ध कराई जाती है। मैथन हाइडल पावर स्टेशन में तीन टरबाइनों के माध्यम से 63 मेगावाट और पंचेत हाइडल परियोजना में 80 मेगावाट की क्षमता के अनुरूप बिजली उत्पादन बढ़ा दिया गया है। पहले जलस्तर को नियंत्रित रखा गया था, लेकिन अब लगातार वर्षा के कारण स्थिति सामान्य होने लगी है। केंद्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी) की टीम भी दोनों डैम के जलस्तर और जलप्रवाह पर लगातार निगरानी रख रही है।
स्थानीय नाविकों में जलस्तर बढ़ने से उत्साह है। उनका कहना है कि पिछले दिनों कम जलस्तर के कारण नौका संचालन प्रभावित था, लेकिन अब नौकायन आसान होगा। इससे पर्यटकों की संख्या में वृद्धि होने और स्थानीय लोगों के रोजगार को नई गति मिलने की उम्मीद है। इस प्रकार, बारिश ने न केवल जलस्तर को बढ़ाया है, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी एक नई दिशा दी है। यदि बारिश का यह सिलसिला इसी तरह जारी रहा, तो आने वाले दिनों में जलाशयों की स्थिति और भी बेहतर हो सकती है, जिससे बिजली उत्पादन में भी वृद्धि होगी।
















