Parliament Stalemate: विपक्ष के अड़ियल रवैये से संसद ठप, बिना चर्चा पास हो रहे महत्वपूर्ण बिल

नई दिल्ली। संसद के मानसून सत्र में जारी हंगामे और गतिरोध ने देश की राजनीतिक स्थिति को एक बार फिर से गरमा दिया है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कांग्रेस और उसके
नई दिल्ली। संसद के मानसून सत्र में जारी हंगामे और गतिरोध ने देश की राजनीतिक स्थिति को एक बार फिर से गरमा दिया है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कांग्रेस और उसके इंडी गठबंधन के सहयोगियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसमें कहा गया है कि वे जानबूझकर संसद की कार्यवाही को बाधित कर रहे हैं। इस असहयोगात्मक रवैये के कारण न केवल करोड़ों रुपये की जनता की गाढ़ी कमाई बर्बाद हो रही है, बल्कि देशहित से जुड़े कई महत्वपूर्ण विधेयकों पर भी सार्थक चर्चा नहीं हो पा रही है। भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता और लोकसभा सदस्य संबित पात्रा ने मंगलवार को पार्टी मुख्यालय में आयोजित एक प्रेस वार्ता में विपक्ष के रवैये को बेहद निराशाजनक बताया। उन्होंने कहा कि हर संसदीय सत्र पर करोड़ों रुपये खर्च होते हैं, ताकि सांसद अपने क्षेत्रों की समस्याओं को सदन में उठा सकें। लेकिन विपक्ष की जिद के चलते न तो प्रश्नकाल चल पा रहा है और न ही शून्यकाल का सही उपयोग हो रहा है।
संबित पात्रा ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट नंबर ऑफ जजेस (संशोधन) बिल और रजिस्ट्रेशन आफ बर्थ एंड डेथ (संशोधन) बिल जैसे महत्वपूर्ण विधेयक बिना पर्याप्त चर्चा के पास कराने की स्थिति बन रही है। इससे आम जनता जरूरी विधायी जानकारियों से वंचित हो रही है। उन्होंने कांग्रेस पर तीखा प्रहार करते हुए आरोप लगाया कि पार्टी अपने शासित राज्यों में पेपर लीक और भर्ती घोटालों पर चुप्पी साधे हुए है, जबकि अन्य स्थानों पर राजनीतिक लाभ के लिए ऐसे मुद्दों का इस्तेमाल किया जा रहा है। झारखंड और कर्नाटक का हवाला देते हुए उन्होंने राहुल गांधी और उनकी पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को भी आड़े हाथों लिया।















