Justice Served After 5 Years: 17 वर्षीय किशोर की हत्या और अप्राकृतिक शोषण मामले में आरोपित को 20 साल का कठोर कारावास

नूंह जिले में पोक्सो एक्ट के तहत मामलों की सुनवाई के लिए गठित विशेष अदालत ने 2019 में एक 17 वर्षीय किशोर के साथ अप्राकृतिक यौन शोषण और हत्या के मामले में आरोपित
नूंह जिले में पोक्सो एक्ट के तहत मामलों की सुनवाई के लिए गठित विशेष अदालत ने 2019 में एक 17 वर्षीय किशोर के साथ अप्राकृतिक यौन शोषण और हत्या के मामले में आरोपित को दोषी ठहराते हुए 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही, अदालत ने आरोपित पर 45 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। यह फैसला अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डॉ. आशु संजीव टिंजन की अदालत द्वारा सुनाया गया। इस मामले में न्याय की प्रक्रिया को पूरा करने में लगभग पांच साल का समय लगा, जिसके बाद पीड़ित परिवार को न्याय मिला।
जानकारी के अनुसार, 31 अक्टूबर 2019 की रात को गांव दिहाना का 17 वर्षीय किशोर रहस्यमय परिस्थितियों में अपने घर से लापता हो गया था। अगले दिन सुबह उसका शव गांव के एक भूसे के घर में फंदे से लटका हुआ मिला। मृतक के पिता इस्लाम ने पुलिस को दी गई शिकायत में आरोप लगाया था कि कुछ लोगों ने पहले उसके पुत्र के साथ अप्राकृतिक यौन संबंध बनाए और बाद में उसकी हत्या कर शव को फंदे से लटकाकर आत्महत्या का रूप देने का प्रयास किया। इस शिकायत के आधार पर थाना सदर नूंह में 11 नवंबर 2019 को एफआईआर दर्ज की गई।


















