Champat Rai vows to stay in Ayodhya: अंतिम सांस तक नहीं छोड़ूंगा अयोध्या, जगद्गुरु परमहंस आचार्य से की मुलाकात

अयोध्या में रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के निवर्तमान महासचिव चंपत राय, जो चढ़ावा चोरी के मामले के बाद से एकांतवास में थे, अब धीरे-धीरे सार्वजनिक जीवन में ल
अयोध्या में रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के निवर्तमान महासचिव चंपत राय, जो चढ़ावा चोरी के मामले के बाद से एकांतवास में थे, अब धीरे-धीरे सार्वजनिक जीवन में लौट रहे हैं। उन्होंने मंगलवार को जगद्गुरु परमहंस आचार्य से मुलाकात की, जो रामघाट स्थित उनके आश्रम में हुई। इस मुलाकात के दौरान परमहंस आचार्य ने चंपत राय का गर्मजोशी से स्वागत किया और बंद कमरे में उनकी स्थिति पर चर्चा की। चंपत राय ने बताया कि वह अयोध्या को अंतिम सांस तक नहीं छोड़ेंगे, जो उनके लिए आराध्य की नगरी है। यह मुलाकात चंपत राय के लिए महत्वपूर्ण थी, क्योंकि इससे उन्हें समर्थन और विश्वास मिला कि वह चढ़ावा चोरी के मामले में बेदाग हैं।
चंपत राय की चढ़ावा चोरी के मामले में आरोपों के कारण उनकी स्थिति काफी नाजुक हो गई थी। इस मामले के बाद से वह काफी समय तक एकांत में रहे, लेकिन अब वह संतों से मिलने-जुलने लगे हैं। जगद्गुरु परमहंस आचार्य ने चंपत राय के प्रति अपनी चिंता व्यक्त की और उन्हें अयोध्या न छोड़ने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि चंपत राय का अयोध्या में रहना न केवल उनके लिए, बल्कि पूरे तीर्थ क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण है। चंपत राय ने इस आग्रह को स्वीकार करते हुए कहा कि वह अपनी अंतिम सांस तक अयोध्या में रहेंगे।
















