Venus Transit Virgo 2026: 1 अगस्त से नीच राशि में रहेंगे शुक्र देव! इन 4 राशियों के शुरू होंगे कठिन दिन, रहें सावधान

ज्योतिष शास्त्र में शुक्र देव को धन, वैभव, प्रेम और सुख-सुविधाओं का कारक माना जाता है। 1 अगस्त 2026 को शुक्र देव अपनी मित्र राशि सिंह से निकलकर कन्या राशि में प
ज्योतिष शास्त्र में शुक्र देव को धन, वैभव, प्रेम और सुख-सुविधाओं का कारक माना जाता है। 1 अगस्त 2026 को शुक्र देव अपनी मित्र राशि सिंह से निकलकर कन्या राशि में प्रवेश करने जा रहे हैं। कन्या राशि को ज्योतिषीय गणनाओं में शुक्र की नीच राशि माना जाता है। जब भी कोई ग्रह अपनी नीच राशि में गोचर करता है, तो उसके शुभ फलों में कमी आ जाती है। इसके परिणामस्वरूप कुछ राशियों को आर्थिक, मानसिक और शारीरिक कष्टों का सामना करना पड़ सकता है। इस गोचर के दौरान किन राशियों को विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता है, आइए जानते हैं।
शुक्र का गोचर जब आपके छठे भाव में होता है, तो यह सेहत से जुड़ी समस्याओं को जन्म दे सकता है। इस दौरान गुप्त शत्रुओं से सावधान रहना आवश्यक है। इसके अलावा, बेफिजूल के खर्चों पर नियंत्रण रखना भी महत्वपूर्ण है। किसी को उधार पैसा देने से बचना चाहिए, क्योंकि यह आर्थिक स्थिति को और भी बिगाड़ सकता है। इसके अलावा, पारिवारिक जीवन में भी तनाव उत्पन्न हो सकता है। चौथे भाव में नीच का शुक्र पारिवारिक अशांति और माता जी के स्वास्थ्य में गिरावट का कारण बन सकता है। इस समय वाहन या मकान संबंधी फैसलों में रुकावट आ सकती है, इसलिए धन का लेन-देन सोच-समझकर करना चाहिए।
तुला राशि के स्वामी स्वयं शुक्र हैं, और उनका 12वें भाव में जाना अनावश्यक खर्चों को बढ़ा सकता है। इस दौरान अनचाही यात्राएं और धन हानि के योग बन सकते हैं। रिश्तों में गलतफहमियां भी बढ़ सकती हैं, जिससे दांपत्य जीवन में कड़वाहट या जीवनसाथी के साथ विवाद उत्पन्न हो सकता है। बिजनेस पार्टनर्स के साथ पारदर्शिता बनाए रखना आवश्यक है, अन्यथा आर्थिक नुकसान हो सकता है। शुक्र के नीच प्रभाव से बचने के लिए कुछ सरल उपाय भी हैं। जैसे कि प्रतिदिन या विशेषकर शुक्रवार के दिन मां लक्ष्मी को सफेद मिष्ठान का भोग लगाना और कनकधारा स्तोत्र का पाठ करना। इसके अलावा, शुक्रवार के दिन जरूरतमंदों को सफेद वस्तुएं दान करने से भी लाभ मिल सकता है। ओम शुं शुक्राय नमः मंत्र का 108 बार जाप करने से भी शुक्र के नकारात्मक प्रभावों से बचा जा सकता है।











