Allegations against Doctor: गढ़वा में महिला मरीज से डॉक्टर ने की अश्लील हरकत

गढ़वा से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां एक 20 वर्षीय महिला ने चिकित्सक डॉ. कुलदेव चौधरी पर दुष्कर्म की नीयत से अश्लील हरकत करने का आरोप लगाया है। यह घटना गढ़
गढ़वा से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां एक 20 वर्षीय महिला ने चिकित्सक डॉ. कुलदेव चौधरी पर दुष्कर्म की नीयत से अश्लील हरकत करने का आरोप लगाया है। यह घटना गढ़वा सदर अस्पताल के सामने स्थित एक निजी क्लीनिक में हुई। पीड़िता ने बताया कि वह बुखार और हाथ-पैर में दर्द के इलाज के लिए अपने पति के साथ 9 जुलाई को डॉ. चौधरी के क्लीनिक गई थी। डॉक्टर ने उसकी स्थिति को गंभीर बताते हुए उसे तीन दिनों तक अपने निजी अस्पताल में भर्ती रखा और 11 जुलाई को डिस्चार्ज किया। इसके बाद, महिला ने 16 और 28 जुलाई को भी क्लीनिक जाकर जांच और दवा करवाई। 5 अगस्त को जब वह फिर से क्लीनिक पहुंची, तो डॉक्टर ने उसके पति को दवा लेने बाहर भेज दिया। इस दौरान, डॉक्टर ने महिला के साथ अश्लील बातें करते हुए उसे बेड पर लिटा दिया और दुष्कर्म की नीयत से उसके साथ जबरदस्ती करने लगा। जब महिला ने विरोध किया, तो डॉक्टर ने उसे धमकी दी कि यदि उसने किसी को बताया, तो उसके गंभीर परिणाम होंगे।
पीड़िता ने जब अपने पति को वापस आते देखा, तो डॉक्टर तुरंत अपनी कुर्सी पर बैठ गया और महिला को कपड़ा ठीक करने के लिए कहा। इस घटना के बाद, महिला ने अपने पति और परिवार को पूरी घटना बताई। इसके बाद, उन्होंने गढ़वा थाना जाकर आरोपी डॉक्टर के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करवाई और सख्त कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने इस मामले में गंभीरता से संज्ञान लेते हुए जांच शुरू कर दी है। यह घटना न केवल महिला के लिए बल्कि समाज के लिए भी एक गंभीर चिंता का विषय है, जहां चिकित्सा पेशे में ऐसे आरोप लगते हैं।
इस घटना ने गढ़वा जिले में चिकित्सा सेवाओं पर सवाल उठाए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं चिकित्सा क्षेत्र में विश्वास को कम कर रही हैं। लोग अब डॉक्टरों पर भरोसा करने में हिचकिचा रहे हैं। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और आरोपी डॉक्टर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस मामले में पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। समाज में इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए जागरूकता फैलाना भी आवश्यक है, ताकि महिलाएं बिना किसी डर के अपनी आवाज उठा सकें।
















