Heavy Rain in Kerala: आईएमडी ने पूरे राज्य में जारी किया 'येलो अलर्ट', नौ जिलों में स्कूल बंद

रविवार को केरल में मूसलाधार बारिश का सिलसिला जारी रहा, जिससे कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई। इस बारिश के कारण राज्य के कई हिस्सों में जनजीवन प्रभावि
रविवार को केरल में मूसलाधार बारिश का सिलसिला जारी रहा, जिससे कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई। इस बारिश के कारण राज्य के कई हिस्सों में जनजीवन प्रभावित हुआ है। मौसम विभाग ने पहले ही चेतावनी जारी की थी कि अगले कुछ दिनों तक बारिश का यह सिलसिला जारी रह सकता है। एहतियात के तौर पर ज़िला प्रशासन ने सोमवार को राज्य के नौ जिलों में सभी शिक्षण संस्थानों में अवकाश घोषित कर दिया है। कासरगोड, कन्नूर, कोझिकोड, वायनाड, मलप्पुरम, त्रिशूर, इडुक्की, कोट्टायम और पथानामथिट्टा के ज़िला प्रशासन ने यह निर्णय लिया है। प्रशासन का कहना है कि मौजूदा मौसम की गंभीर स्थिति और अगले कुछ घंटों तक भारी बारिश की संभावना को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है, ताकि छात्रों और शिक्षकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। इसके अलावा, स्थानीय प्रशासन ने लोगों को भी सतर्क रहने और आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी है।
इस बीच, मौसम विभाग ने 'येलो अलर्ट' जारी किया है, जिससे यह संकेत मिलता है कि अगले 24 घंटों में भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। इस अलर्ट के तहत, लोगों को सलाह दी गई है कि वे अनावश्यक यात्रा से बचें और यदि संभव हो तो घर पर ही रहें। बारिश के कारण कई स्थानों पर सड़कें भी जलमग्न हो गई हैं, जिससे यातायात प्रभावित हुआ है। स्थानीय निवासियों ने बताया कि पिछले कुछ दिनों में हुई बारिश ने उनके जीवन को काफी प्रभावित किया है। कई स्थानों पर जलभराव के कारण लोगों को अपने घरों से बाहर निकलने में कठिनाई हो रही है।
राज्य सरकार ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए सभी संबंधित विभागों को अलर्ट पर रखा है। राहत और बचाव कार्यों के लिए आवश्यक संसाधनों को तैयार रखा गया है। इसके साथ ही, स्वास्थ्य विभाग ने भी लोगों को सलाह दी है कि वे बारिश के पानी से बचें और साफ-सफाई का ध्यान रखें। मौसम विभाग ने कहा है कि अगले कुछ दिनों में बारिश की तीव्रता में कमी आ सकती है, लेकिन तब तक लोगों को सतर्क रहना होगा। इस स्थिति में, सभी नागरिकों से अपील की गई है कि वे प्रशासन के निर्देशों का पालन करें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सहायता मांगें।
















