Hunger strike in support of students: छात्रों के समर्थन में भूख हड़ताल पर बैठेंगे निशिकांत!

रांची में चल रहे jpsc-jssc अभ्यर्थियों के आंदोलन के संदर्भ में भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने एक महत्वपूर्ण घोषणा की है। उन्होंने कहा कि संसद का सत्र 13 अगस्त तक
रांची में चल रहे JPSC-JSSC अभ्यर्थियों के आंदोलन के संदर्भ में भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने एक महत्वपूर्ण घोषणा की है। उन्होंने कहा कि संसद का सत्र 13 अगस्त तक जारी रहेगा। यदि इस दौरान राज्य सरकार कोई ठोस निर्णय नहीं लेती है, तो वह पार्टी से अनुमति लेकर 13 अगस्त के बाद छात्रों के समर्थन में भूख हड़ताल पर बैठने का निर्णय लेंगे। निशिकांत दुबे ने स्पष्ट किया कि भूख हड़ताल जैसी गतिविधियों के लिए पार्टी की अनुमति आवश्यक होती है। उन्होंने पार्टी अध्यक्ष से इस संबंध में अनुमति मांगी है। यदि उन्हें अनुमति मिल जाती है, तो वह छात्रों के आंदोलन में शामिल होकर भूख हड़ताल करेंगे। यह घोषणा छात्रों के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हो सकती है, जो लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं।
निशिकांत दुबे ने इस अवसर पर JPSC और JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि छात्रों के भविष्य के साथ लगातार खिलवाड़ किया जा रहा है और सरकार को उनकी मांगों पर जल्द से जल्द निर्णय लेना चाहिए। उनका यह बयान उन छात्रों के लिए एक नई उम्मीद लेकर आया है, जो पिछले कई महीनों से अपनी आवाज उठाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार को छात्रों की समस्याओं को गंभीरता से लेना चाहिए और उनके भविष्य को सुरक्षित करने के लिए आवश्यक कदम उठाने चाहिए।
भाजपा सांसद ने यह भी बताया कि छात्रों के आंदोलन को लेकर उनकी पार्टी पूरी तरह से समर्थन करती है और उन्हें विश्वास दिलाया कि उनकी आवाज को अनसुना नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह समय है कि सरकार छात्रों की समस्याओं को समझे और उनके लिए उचित समाधान निकाले। यदि सरकार इस मामले में कोई ठोस कदम नहीं उठाती है, तो निशिकांत दुबे का भूख हड़ताल पर बैठना निश्चित रूप से एक बड़ा राजनीतिक मुद्दा बन सकता है। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या सरकार समय पर छात्रों की मांगों को पूरा कर पाती है या नहीं।
















