Parliament Discussion on Donations Theft: चढ़ावा चोरी और छात्रों से बर्बरता के मुद्दे पर संसद में चर्चा हो

नई दिल्ली से जागरण ब्यूरो की रिपोर्ट के अनुसार, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने संसद में चल रहे गतिरोध के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने कहा क
नई दिल्ली से जागरण ब्यूरो की रिपोर्ट के अनुसार, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने संसद में चल रहे गतिरोध के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को श्रीराम मंदिर में चढ़ावा चोरी और छात्रों के साथ हुई पुलिस बर्बरता के मामलों पर जवाब देना चाहिए। खरगे ने राज्यसभा में कहा कि यह मुद्दा न केवल राजनीतिक है, बल्कि यह करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से भी जुड़ा हुआ है। उन्होंने प्रधानमंत्री से मांग की कि वह सदन में आकर इन गंभीर आरोपों पर स्पष्टीकरण दें। खरगे ने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट पर बहुमूल्य भेंटों, नकद दान और भूमि के लेन-देन के संबंध में गंभीर आरोप लगे हैं। चूंकि यह ट्रस्ट केंद्र सरकार द्वारा स्थापित किया गया है, इसलिए प्रधानमंत्री को इन आरोपों का जवाब देना चाहिए।
खरगे ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने खुद इस ट्रस्ट के गठन की घोषणा की थी और उन्होंने इस ट्रस्ट को 70 एकड़ से अधिक भूमि सौंपी थी। प्रधानमंत्री ने भूमि पूजन और प्राण प्रतिष्ठा जैसे सभी महत्वपूर्ण समारोहों में भाग लिया है। ऐसे में, वह चढ़ावा चोरी और अन्य गंभीर आरोपों पर जवाबदेही से नहीं बच सकते। उन्होंने केंद्रीय जांच एजेंसियों की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए कहा कि प्रधानमंत्री को यह बताना चाहिए कि ईडी, सीबीआई और आयकर विभाग कहां हैं? भगवान श्रीराम के नाम पर लूट करने वालों को पूरे देश से माफी मांगनी चाहिए।
सदन में सत्तापक्ष के अवरोध के कारण अपनी बात नहीं रख पाने के बाद खरगे ने पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि विपक्ष की मांग है कि राज्यसभा के सभापति और लोकसभा अध्यक्ष दोनों सदनों में इन मुद्दों पर चर्चा की अनुमति दें। उन्होंने कहा कि यदि संसद में चर्चा होती है, तो पूरा सच देश के सामने आ जाएगा। लेकिन सरकार चर्चा से घबरा रही है। गृहमंत्री अमित शाह पर निशाना साधते हुए खरगे ने कहा कि वह सदन में नहीं आ रहे हैं, जिससे यह स्पष्ट होता है कि या तो वह डर गए हैं या सदन का अपमान कर रहे हैं।
















