Student Protest in Patna: जेपी गोलंबर पर छात्रों-पुलिस में झड़प, बैरिकेड तोड़ डाकबंगला पहुंचे प्रदर्शनकारी

पटना में मंगलवार को छात्र-युवा संघर्ष मोर्चा के बैनर तले विभिन्न छात्र संगठनों ने कई मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। इस दौरान जेपी गोलंबर पर प्रदर्शनकारियों और पु
पटना में मंगलवार को छात्र-युवा संघर्ष मोर्चा के बैनर तले विभिन्न छात्र संगठनों ने कई मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। इस दौरान जेपी गोलंबर पर प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच तीखी झड़प हुई। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने का प्रयास किया, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई। प्रदर्शनकारी राज्य के विभिन्न जिलों से आए थे और उन्होंने बैरिकेड तोड़ते हुए डाकबंगला चौराहा पहुंच गए। यहां कई घंटे तक प्रदर्शन और सभा का आयोजन किया गया। प्रदर्शनकारियों का जुलूस रामगुलाम चौक और गांधी मैदान से निकला था। डाकबंगला चौराहा पर आयोजित सभा में छात्र-युवा नेताओं ने शिक्षा और रोजगार के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया। नेताओं ने कहा कि बिहार के छात्र और युवा लंबे समय से इन सवालों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि शिक्षा व्यवस्था को मजबूत किए बिना और युवाओं को सम्मानजनक रोजगार उपलब्ध कराए बिना राज्य के विकास का दावा अधूरा रहेगा। सरकार से छात्र-युवाओं की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान करने की मांग की गई।
प्रदर्शन में एनएसयूआइ, एआइएसएफ, एसएफआइ, आइसा, एसएसएआइ, एआइवाईएफ, डीवाईएफआइ, युवा कांग्रेस, आरवाईए समेत कई छात्र-युवा संगठनों के कार्यकर्ता शामिल हुए। प्रदर्शन का नेतृत्व कांग्रेस नेता सुशील कुमार, एआइवाईएफ के राष्ट्रीय अध्यक्ष रौशन कुमार सिन्हा, आइसा के राज्य अध्यक्ष धनंजय कुमार, एसएसएआइ के राष्ट्रीय प्रधान महासचिव लारायब अकरम और अन्य नेताओं ने किया। डाकबंगला चौराहा पर हुई सभा में एआईएसएफ के राष्ट्रीय महासचिव दिनेश सी. रंगराजन, जेएनयू छात्रसंघ की पूर्व अध्यक्ष आइसी घोष, एसएसएआई के उत्पल बल्लभ समेत कई नेताओं ने संबोधित किया। वक्ताओं ने कहा कि लोकतांत्रिक आंदोलनों में सरकार को बल प्रयोग के बजाय संवाद का रास्ता अपनाना चाहिए। छात्र नेताओं ने शिक्षा, रोजगार और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर सरकार से ठोस कदम उठाने की मांग की।
















