Train Noise Regulations: रेलवे ने यात्रियों के लिए सख्त नियम लागू किए

गोरखपुर से मिली जानकारी के अनुसार, रेलवे ने यात्रियों को शांत, सुरक्षित और आरामदायक यात्रा सुनिश्चित करने के लिए सख्त कदम उठाए हैं। पूर्वोत्तर रेलवे के लखनऊ मंड
गोरखपुर से मिली जानकारी के अनुसार, रेलवे ने यात्रियों को शांत, सुरक्षित और आरामदायक यात्रा सुनिश्चित करने के लिए सख्त कदम उठाए हैं। पूर्वोत्तर रेलवे के लखनऊ मंडल ने ट्रेन में तेज आवाज में गाने सुनने और वीडियो देखने के बढ़ते चलन को लेकर सख्ती बढ़ा दी है। यात्रियों की बढ़ती शिकायतों ने रेलवे प्रशासन को चिंतित कर दिया है। इस संदर्भ में रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने ऐसे मामलों में कार्रवाई तेज कर दी है। जनवरी से जुलाई 2026 के बीच, आरपीएफ ने 97 यात्रियों के खिलाफ कार्रवाई की है, जिन्होंने मोबाइल या लैपटॉप पर तेज आवाज में रील और वीडियो देखकर अन्य यात्रियों की यात्रा में बाधा डाली। यह कार्रवाई वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त के निर्देश पर की गई है। रेलवे ने यात्रियों को चेतावनी दी है कि यदि वे नियमों का उल्लंघन करते हैं, तो उन्हें एक हजार रुपये तक का जुर्माना, जेल या दोनों का सामना करना पड़ सकता है। इस चेतावनी के साथ, आरपीएफ ने यात्रियों को समझाया है कि सफर के दौरान तेज आवाज में मोबाइल पर बात करना, रील देखना या गाने सुनना पूरी तरह से प्रतिबंधित है। इसके अलावा, रेलवे ने यात्रियों को इयरफोन का उपयोग करने की सलाह दी है ताकि वे दूसरों को परेशान न करें।
लखनऊ मंडल के जनसंपर्क अधिकारी महेश गुप्ता ने बताया कि ट्रेन में तेज आवाज में मोबाइल पर बात करना और अन्य यात्रियों को परेशान करना गंभीर अपराध है। उन्होंने कहा कि यात्रियों को चाहिए कि वे यात्रा के दौरान इयरफोन का इस्तेमाल करें और धीमी आवाज में बात करें। रेलवे प्रशासन ने यह भी कहा है कि स्टेशन परिसर, ट्रेन के अंदर या पटरियों पर कचरा फेंकना, थूकना और पान-गुटखा की पीक फेंकना भी दंडनीय अपराध है। ऐसे मामलों में भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। रेलवे का उद्देश्य यात्रियों को एक आरामदायक यात्रा अनुभव प्रदान करना है, और इसके लिए वे नियमों का पालन करने की अपील कर रहे हैं।
















