Long-awaited entry of Indian traders: 7 साल का इंतजार खत्म! भारतीय व्यापारियों का 20 सदस्यीय दल आज बिना सामान के चीन में करेगा प्रवेश

सूवाद सूत्र, धारचूला। भारतीय व्यापारियों का एक 20 सदस्यीय दल आज तिब्बत में प्रवेश करने के लिए तैयार है। यह दल बिना किसी सामान के चीनी मंडी तकलाकोट पहुंचेगा। व्य
सूवाद सूत्र, धारचूला। भारतीय व्यापारियों का एक 20 सदस्यीय दल आज तिब्बत में प्रवेश करने के लिए तैयार है। यह दल बिना किसी सामान के चीनी मंडी तकलाकोट पहुंचेगा। व्यापारी इस यात्रा के दौरान व्यापार की संभावनाओं और उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लेंगे। यह एक महत्वपूर्ण अवसर है, क्योंकि सात वर्षों के बाद भारत-चीन व्यापार फिर से शुरू हो रहा है। व्यापार की शुरुआत एक जुलाई से होनी थी, लेकिन चीन की ओर से अनुमति नहीं मिलने के कारण भारतीय व्यापारी समय पर नहीं जा सके। वहीं, नेपाली व्यापारी जून माह में ही तकलाकोट पहुंच चुके थे। चीन ने कहा था कि भारतीय व्यापारियों के लिए दुकानों और गोदामों की व्यवस्था पूरी नहीं हो पाई थी, जिसके कारण यह देरी हुई।
भारत-चीन व्यापार समिति के अध्यक्ष जीवन सिंह रौंकली ने बताया कि भारतीय व्यापारी सुबह नौ बजे लिपुलेख दर्रे को पार करेंगे और एक घंटे के भीतर तकलाकोट पहुंच जाएंगे। व्यापारी सबसे पहले वर्ष 2019 में तकलाकोट के गोदामों में छोड़े गए अपने माल की स्थिति की जांच करेंगे। इसके लिए वे एक सूची तैयार करेंगे और चीनी अधिकारियों की मदद से यह पता लगाएंगे कि कौन सा सामान एक्सपायरी हो चुका है। यह प्रक्रिया व्यापारियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि वर्ष 2019 में लाए गए सामान का कोई बीमा नहीं कराया गया था। इसलिए व्यापारी इस सूची को केंद्र सरकार को भेजकर मुआवजे की मांग करेंगे।



















