Fake Medicines in UP: यूपी में नकली दवाओं को खपाने वाले पांच लोगों पर FIR दर्ज, नौ फर्म भी सील

राज्य ब्यूरो, लखनऊ। स्वास्थ्य के लिए आवश्यक दवाएं यदि खतरनाक बन जाएं, तो यह एक गंभीर चिंता का विषय है। हाल ही में उत्तर प्रदेश में बुखार, खांसी, दर्द, शुगर, हार
राज्य ब्यूरो, लखनऊ। स्वास्थ्य के लिए आवश्यक दवाएं यदि खतरनाक बन जाएं, तो यह एक गंभीर चिंता का विषय है। हाल ही में उत्तर प्रदेश में बुखार, खांसी, दर्द, शुगर, हार्ट की दवाओं और एंटीबायोटिक्स की नकली दवाएं बड़ी मात्रा में बाजार में बिकने का मामला सामने आया है। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने उत्तर प्रदेश से उत्तराखंड तक छापेमारी की, जिसमें पता चला कि फर्जी बिलिंग और फर्मों के माध्यम से नकली दवाओं का जखीरा बाजार में उतारा जा रहा था। इस मामले में लखनऊ के अमीनाबाद थाने में 29 जुलाई को पांच अभियुक्तों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
अमीनाबाद में मेसर्स मिश्रा एसोसिएट्स के प्रोपराइटर मनीष मिश्रा, रायबरेली में बछरांवा मिश्रा मेडिकल एजेंसी के संचालक आमोद मिश्रा, अशोक फार्मास्यूटिकल अमीनाबाद के सन्नी कश्यप, मेसर्स भारत फार्मा एवं एमडीएच फार्मा अमीनाबाद के संचालक देवेंद्र शुक्ला और राहुल ने मिलकर क्रॉस बिलिंग की। इन लोगों ने बिना बैंक ट्रांसफर के कागजी लेनदेन दिखाकर नकली दवाओं को बाजार में खपाया। इस मामले में भारत फार्मा और एमडीएच फार्मा के प्रोपराइटर अमरीन अहसन और मंतशा ने लिखित बयान दिया है कि उनके स्टोर में दवाओं का स्टॉक और बिक्री धोखे में रखकर देवेंद्र शुक्ल द्वारा की जा रही थी।



















