Dark Web Drug Trade: कानपुर में अमेरिकन और मलयेशियाई गांजे की तस्करी का खुलासा

कानपुर शहर के पॉश इलाकों में अमेरिकन और मलयेशियाई गांजे की होम डिलीवरी का मामला सामने आया है। तस्कर डार्क वेब के माध्यम से गांजा और चरस की खेप मंगवा कर तिलकनगर,
कानपुर शहर के पॉश इलाकों में अमेरिकन और मलयेशियाई गांजे की होम डिलीवरी का मामला सामने आया है। तस्कर डार्क वेब के माध्यम से गांजा और चरस की खेप मंगवा कर तिलकनगर, स्वरूपनगर, आर्यनगर और सिविल लाइंस जैसे क्षेत्रों में खपा रहे हैं। इन तस्करों के ग्राहक आम नागरिक नहीं हैं, बल्कि शहर के कारोबारी, अधिकारी और उनके बच्चे हैं। यह स्थिति चिंताजनक है, क्योंकि यह न केवल युवा पीढ़ी को प्रभावित कर रही है, बल्कि समाज में भी नकारात्मक प्रभाव डाल रही है। तस्करों द्वारा ग्राहकों से संपर्क खत्म करने की प्रक्रिया भी संदिग्ध है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि वे अपने धंधे को छिपाने के लिए हर संभव प्रयास कर रहे हैं।
एक ग्राम गांजे की कीमत 1500 रुपये और चरस की कीमत 4500 रुपये है। जब कोई नया ग्राहक तस्करों से संपर्क करता है, तो सबसे पहले यह पूछा जाता है कि उसने पहले कहां से मादक पदार्थ खरीदा था। ग्राहक द्वारा नाम बताने पर तस्कर अपने साथी से पुष्टि करते हैं। इसके बाद, नए ग्राहक को शुरुआती 10 ऑर्डर अलग-अलग स्थानों पर दिए जाते हैं। यदि ग्राहक संदिग्ध लगता है, तो तस्कर तुरंत संपर्क खत्म कर देते हैं। हाल ही में, संवाद न्यूज एजेंसी की टीम ने तिलक नगर के एल्डोराडो अपार्टमेंट के पास एक तस्कर को पकड़ा, जिसने एक कारोबारी के बेटे को गांजे का ऑर्डर दिया था। तस्कर ने स्कूटी से आकर 1500 रुपये लेकर एक पैकेट दिया, जिसमें गांजे की हरी पत्तियां थीं।
















