Gorakhpur Girl Murder Case: गोरखपुर बालिका हत्याकांड में पुलिस की कार्रवाई पर उठे सवाल

गोरखपुर में एक मासूम बच्ची के अपहरण, दुष्कर्म और हत्या के मामले में गिरफ्तार सिपाही अभिषेक के दो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गए हैं, जो पुलिस की कार्रवाई पर
गोरखपुर में एक मासूम बच्ची के अपहरण, दुष्कर्म और हत्या के मामले में गिरफ्तार सिपाही अभिषेक के दो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गए हैं, जो पुलिस की कार्रवाई पर सवाल खड़े कर रहे हैं। पहले वीडियो में अभिषेक को थाने के अंदर लंगड़ाते हुए देखा जा सकता है, जबकि दूसरे वीडियो में वह अस्पताल में सामान्य तरीके से चल रहा है। यह अंतर लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया है। पहले वीडियो में, जो गिरफ्तारी के बाद सुबह का बताया जा रहा है, अभिषेक एक पैर मोड़कर और दूसरे पैर से लंगड़ाते हुए चल रहा है। उसके साथ दो पुलिसकर्मी हैं, जो उसे सहारा दे रहे हैं। इस दृश्य से ऐसा प्रतीत होता है कि पुलिस ने पूछताछ के दौरान उसके साथ सख्ती की है। लेकिन, इसके ठीक विपरीत, दूसरे वीडियो में, जो दोपहर 12 बजे का है, उसे चिकित्सकीय परीक्षण के लिए जिला अस्पताल लाए जाने का दिखाया गया है। इस वीडियो में अभिषेक के दोनों पैर सामान्य दिख रहे हैं और वह बिना किसी परेशानी के चल रहा है। पुलिस उसे एक हाथ से पकड़कर ले जा रही है, जो उसकी स्थिति को और संदिग्ध बनाता है।
दूसरे वीडियो में, जब अस्पताल परिसर में मौजूद आक्रोशित भीड़ उसे पीटने के लिए आगे बढ़ती है, तो अभिषेक तेज कदमों से पुलिस की गाड़ी तक पहुंचता है। यह देखकर लोग हैरान हैं कि यदि उसे गंभीर चोट थी, तो कुछ घंटों बाद उसकी चाल में इतना अंतर कैसे आ गया। सोशल मीडिया पर इस वीडियो को लेकर लोगों की प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। कुछ लोग इस पर सवाल उठा रहे हैं कि क्या पुलिस ने पहले वीडियो को झूठी सख्ती दिखाने के लिए योजनाबद्ध तरीके से तैयार किया था। इस मामले में पुलिस से स्थिति स्पष्ट करने की मांग भी उठ रही है।
















