Preparation for 2027 Elections: उत्तराखंड में 'कमजोर बूथों' को साधने खुद मैदान में उतरे CM धामी

अश्वनी त्रिपाठी, देहरादून। उत्तराखंड में विधानसभा चुनावों की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। वे प्रदेश के सभी मंडल
अश्वनी त्रिपाठी, देहरादून। उत्तराखंड में विधानसभा चुनावों की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। वे प्रदेश के सभी मंडल अध्यक्षों के साथ संवाद करने के लिए खुद मैदान में उतरने जा रहे हैं। भाजपा का मानना है कि सत्ता की राह बूथ से होकर गुजरती है और मंडल अध्यक्ष उस रास्ते की सबसे मजबूत कड़ी होते हैं। इसीलिए, सीएम धामी का मंडल अध्यक्षों के साथ संवाद राजनीतिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। मंडल अध्यक्ष अपने-अपने क्षेत्रों का रिपोर्ट कार्ड प्रस्तुत करेंगे और उन कमियों को दूर करने के उपाय भी बताएंगे, जिनकी पहचान पिछले चुनावों में की गई थी।
दरअसल, 2022 विधानसभा चुनाव के बाद भाजपा ने अपने संगठनात्मक विश्लेषण में लगभग 3,000 ऐसे बूथों की पहचान की थी, जहां पार्टी को बढ़त नहीं मिल सकी थी। अब इन्हीं कमजोर बूथों को 2027 की चुनावी रणनीति का केंद्र बनाया जा रहा है। पार्टी का लक्ष्य है कि हर कमजोर बूथ को मजबूत बनाकर विधानसभा स्तर पर बढ़त सुनिश्चित की जाए। सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री धामी मंडल अध्यक्षों से प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र का विस्तृत राजनीतिक फीडबैक लेंगे, जिसमें सरकार की योजनाओं का जमीनी असर, जनता की अपेक्षाएं, विपक्ष की सक्रियता, स्थानीय मुद्दे, संगठन की मजबूती, बूथ समितियों और पन्ना प्रमुखों की सक्रियता, नए मतदाताओं तक पहुंच, इंटरनेट मीडिया नेटवर्क और युवा एवं महिला मोर्चा की भूमिका पर चर्चा होगी।















