RSS के चमचे वाले बयान पर राजा वड़िंग घिरे: पंजाब कांग्रेस में कलेश जारी

पंजाब कांग्रेस में चल रही आंतरिक लड़ाई हाल ही में तब और बढ़ गई जब प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने पार्टी के कुछ कार्यकर्ताओं को आरएसएस के
पंजाब कांग्रेस में चल रही आंतरिक लड़ाई हाल ही में तब और बढ़ गई जब प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने पार्टी के कुछ कार्यकर्ताओं को आरएसएस के चमचे कहा। यह विवाद तब शुरू हुआ जब वड़िंग को प्रदेश अध्यक्ष बनाए जाने के हाईकमान के फैसले का पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के समर्थकों ने विरोध किया।
गुरुवार को लुधियाना में आयोजित 'हर बूथ कांग्रेस मजबूत' कार्यक्रम में वड़िंग के समर्थकों ने उनके समर्थन में नारे लगाए, जिसके जवाब में चन्नी और वरिष्ठ नेता भारत भूषण आशु के समर्थकों ने विरोध प्रदर्शन किया। वड़िंग ने कहा, "आरएसएस के चमचों बाहर जाओ, लुधियाना किसी आरएसएस एजेंट का नहीं है। लुधियाना पंजाबियों का है।" इस दौरान उन्होंने 2022 के कथित अनाज घोटाले का भी जिक्र किया, जिसमें पंजाब की विजिलेंस ब्यूरो ने आशु और उनके सहयोगियों को गिरफ्तार किया था।
वड़िंग ने कहा कि जब कुछ लोग विजिलेंस की हिरासत में थे, तब उन्होंने उन्हें रोटियां खिलाई थीं, और आज वही लोग उनके विरोध में खड़े हैं। आशु, जो एक साल से अधिक समय तक जेल में रहे थे, ने वड़िंग की आलोचना की और कहा कि उन्हें समझ नहीं आ रहा कि आरएसएस का मुद्दा कहां से आया। आशु ने इंडियन एक्सप्रेस से बातचीत में कहा, "मैंने हमेशा कांग्रेस का साथ दिया है।"
आशु की पत्नी ममता ने राजा वड़िंग के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि क्या कांग्रेस के कई जीते हुए पार्षद इसलिए आरएसएस के एजेंट बन गए क्योंकि उन्होंने आशु जिंदाबाद के नारे लगाए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि वड़िंग ने कब शहर या पंजाब के मुद्दों पर बात की है। वड़िंग ने इंडियन एक्सप्रेस को बताया कि कार्यक्रम में कुछ लोग थे जिन पर उन्हें आरएसएस से जुड़े होने का संदेह था, लेकिन उन्होंने किसी का नाम नहीं लिया।















