Fraud Case in Mohali: EPF Claim for Deceased Employee Filed with Fake Documents

मोहाली में एक दिलचस्प और गंभीर मामला सामने आया है, जहां नगर निगम के एक दिवंगत सफाई कर्मचारी के ईपीएफ और पेंशन का लाभ लेने के लिए उसके माता-पिता पर धोखाधड़ी का आ
मोहाली में एक दिलचस्प और गंभीर मामला सामने आया है, जहां नगर निगम के एक दिवंगत सफाई कर्मचारी के ईपीएफ और पेंशन का लाभ लेने के लिए उसके माता-पिता पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया गया है। फेज-8 थाना पुलिस ने इस मामले में मृतक के माता-पिता के खिलाफ जालसाजी और फर्जी दस्तावेजों के इस्तेमाल का मामला दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार, शिकायतकर्ता शामली ने बताया कि उनका विवाह 15 सितंबर 2024 को नगर निगम में कार्यरत सफाई कर्मचारी विनोद कुमार के साथ हुआ था। विनोद कुमार की 29 मई 2025 को ड्यूटी के दौरान एक सड़क हादसे में मौत हो गई। पति की मृत्यु के बाद ससुराल पक्ष ने उन्हें घर से निकाल दिया, जिससे वह काफी परेशान हो गईं। इस मामले में यह भी आरोप लगाया गया है कि उन्हें बीमा की राशि भी नहीं दी गई। पुलिस ने जांच के दौरान पाया कि बीमा की राशि केवल नामित व्यक्ति को ही जारी की जाती है और इस संबंध में शिकायतकर्ता कोई ठोस साक्ष्य प्रस्तुत नहीं कर सकीं।
जांच के दौरान पुलिस ने यह भी पाया कि ससुर मानिकवेल और परिवार के अन्य सदस्यों ने सेक्टर-17 स्थित ईपीएफ कार्यालय में ऐसे दस्तावेज जमा किए, जिनमें विनोद कुमार को अविवाहित दिखाया गया। यह सब इसलिए किया गया ताकि वे भविष्य निधि और पेंशन का लाभ खुद ले सकें। शिकायतकर्ता ने आरटीआई के माध्यम से दस्तावेजों की जानकारी प्राप्त की, जिससे गड़बड़ी का खुलासा हुआ। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि ईपीएफ क्लेम फार्म में विनोद कुमार की वैवाहिक स्थिति अविवाहित दर्ज की गई थी, जबकि मृत्यु प्रमाण पत्र में उन्हें विवाहित बताया गया है। इस मामले में पुलिस ने मानिकवेल के अंगूठे के निशान भी क्लेम फार्म पर पाए।
















