Hydrogen Rail Network Expansion: हरियाणा में हाइड्रोजन रेल नेटवर्क का विस्तार, राज्यसभा में उठी मांग

राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़। हरियाणा में हाइड्रोजन रेल नेटवर्क के विस्तार की मांग अब संसद तक पहुंच गई है। भाजपा के राज्यसभा सदस्य संजय भाटिया ने शून्यकाल के दौरान कें
राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़। हरियाणा में हाइड्रोजन रेल नेटवर्क के विस्तार की मांग अब संसद तक पहुंच गई है। भाजपा के राज्यसभा सदस्य संजय भाटिया ने शून्यकाल के दौरान केंद्र सरकार से आग्रह किया कि जींद-सोनीपत रेलखंड पर देश की पहली स्वदेशी हाइड्रोजन फ्यूल-सेल ट्रेन के संचालन के बाद अब जींद-पानीपत (वाया रोहतक) और जींद-हिसार (वाया जाखल) रेलमार्गों को भी हाइड्रोजन रेल नेटवर्क से जोड़ा जाए। भाटिया ने कहा कि इससे हरियाणा देश में हरित रेल परिवहन का अग्रणी केंद्र बन सकता है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार जताते हुए कहा कि जींद की धरती से देश की पहली स्वदेशी हाइड्रोजन ट्रेन का संचालन पूरे हरियाणा के लिए गर्व का विषय है। यह उपलब्धि स्वच्छ ऊर्जा, आत्मनिर्भर भारत और आधुनिक रेल तकनीक की दिशा में ऐतिहासिक कदम है। राज्यसभा में हरियाणवी अंदाज में बोलते हुए भाटिया ने कहा, 'काम ऐसा करो कि दुनिया देखती रह जावे।' भारत ने हाइड्रोजन फ्यूल-सेल तकनीक के क्षेत्र में नई पहचान बनाई है और हरियाणा इस बदलाव का नेतृत्व कर रहा है। उनके अनुसार हाइड्रोजन आधारित रेल परिवहन पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ भविष्य की टिकाऊ परिवहन व्यवस्था का मजबूत आधार बनेगा।
भाटिया ने कहा कि जींद-पानीपत और जींद-हिसार रेलमार्ग कृषि, उद्योग, व्यापार, शिक्षा और रोजगार की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। इन मार्गों पर हाइड्रोजन ट्रेन चलने से किसानों, विद्यार्थियों, कर्मचारियों, व्यापारियों और उद्योग जगत को आधुनिक, तेज और पर्यावरण-अनुकूल परिवहन सुविधा मिलेगी। साथ ही प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक और आर्थिक क्षेत्रों को हरित परिवहन नेटवर्क से जोड़ने में भी मदद मिलेगी। उन्होंने केंद्र सरकार से आग्रह किया कि हरियाणा में हाइड्रोजन रेल परियोजना का दायरा बढ़ाते हुए इन दोनों महत्वपूर्ण रेलमार्गों को भी जल्द शामिल किया जाए। भाटिया ने कहा कि कृषि, उद्योग, खेल और शिक्षा में अग्रणी हरियाणा स्वच्छ ऊर्जा आधारित रेल परिवहन में भी देश का नेतृत्व करने की क्षमता रखता है।
















