Incident in Shivpuri: शिक्षक की बोतल से पानी पीने पर आदिवासी बालक को पीटा

शिवपुरी जिले के एक सरकारी प्राथमिक विद्यालय में एक आठ वर्षीय आदिवासी छात्र के साथ हुई बर्बरता का मामला अब राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है। यह घटना 27
शिवपुरी जिले के एक सरकारी प्राथमिक विद्यालय में एक आठ वर्षीय आदिवासी छात्र के साथ हुई बर्बरता का मामला अब राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है। यह घटना 27 जुलाई को कोलारस क्षेत्र के शासकीय प्राथमिक विद्यालय उकावल में हुई, जहां छात्र ने शिक्षक की टेबल पर रखी पानी की बोतल से पानी पी लिया। इस पर शिक्षक लोकेश शर्मा ने न केवल छात्र को जातिसूचक शब्द कहे, बल्कि उसे छड़ी से भी पीटा। इस घटना के बाद राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने स्वतः संज्ञान लेते हुए मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव और शिवपुरी पुलिस अधीक्षक से दो सप्ताह के भीतर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। आयोग ने इस मामले को मानवाधिकारों के गंभीर उल्लंघन के रूप में देखा है और राज्य सरकार से यह भी पूछा है कि पीड़ित छात्र को अब तक क्या कानूनी सहायता और राहत प्रदान की गई है।
पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और थाना प्रभारी पुनीत वाजपेयी ने बताया कि गिरफ्तारी से पहले नोटिस तामील करने की प्रक्रिया अपनाई जा रही है। इस घटना के बाद आदिम जाति कल्याण विभाग भी सक्रिय हो गया है। जिला संयोजक महेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि एफआईआर दर्ज होने के बाद मामले को अजाक थाना समिति के पास भेजा जाएगा। समिति की स्वीकृति मिलने के बाद पीड़ित छात्र को आर्थिक सहायता और अन्य वैधानिक लाभ देने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इस बीच, जिला शिक्षा अधिकारी आकाश सिंह यादव ने भी पूरे घटनाक्रम पर विकासखंड शिक्षा अधिकारी से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है, जिसके बाद विभागीय कार्रवाई का निर्णय लिया जाएगा।
इस घटना से जुड़े दो वीडियो भी सामने आए हैं। एक वीडियो में घायल छात्र अपने शरीर पर चोट के निशान दिखाते हुए मारपीट की बात कह रहा है। वहीं, उसके साथ मौजूद अन्य बच्चे होमवर्क को लेकर पिटाई होने की बात बताते हैं। दूसरे वीडियो में पीड़ित छात्र स्पष्ट रूप से शिक्षक की बोतल से पानी पीने के बाद मारपीट और जातिसूचक शब्द कहे जाने का आरोप लगाता दिखाई देता है। ये दोनों वीडियो अब जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा बन गए हैं और इस मामले की गंभीरता को और बढ़ा रहे हैं। इस घटना ने न केवल स्थानीय समुदाय को बल्कि पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है, और सभी की नजरें अब इस मामले की निष्पक्ष जांच और न्याय की ओर हैं।
















