JSSC CGL Exam Issue: पूर्व महाधिवक्ता ने उठाए गंभीर सवाल

राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड के पूर्व महाधिवक्ता अजीत कुमार ने जेएसएससी सीजीएल परीक्षा मामले को लेकर छात्रों के नाम एक संदेश जारी किया है, जिसमें उन्होंने कई गंभ
राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड के पूर्व महाधिवक्ता अजीत कुमार ने जेएसएससी सीजीएल परीक्षा मामले को लेकर छात्रों के नाम एक संदेश जारी किया है, जिसमें उन्होंने कई गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार, जेएसएससी और सीआईडी ने इस मामले में न्यायालय से कई महत्वपूर्ण तथ्य छुपाए हैं। उनका यह भी कहना है कि इस मामले में न्यायालय में दाखिल शपथ पत्र में यह कहा गया था कि पेपर लीक बड़े स्तर पर नहीं हुआ था और छात्र पिछले वर्षों के प्रश्नों के आधार पर केवल अनुमान लगा रहे थे। अजीत कुमार ने इस दावे को पूरी तरह से गलत बताते हुए कहा कि केस डायरी में ऐसे कई तथ्य मौजूद हैं, जिन्हें अदालत के सामने नहीं रखा गया।
अजीत कुमार ने यह भी आरोप लगाया कि जांच में ऐसे साक्ष्य मिले हैं, जिनसे स्पष्ट होता है कि कुछ छात्रों को बिना प्रश्न पत्र देखे ही 120 प्रश्नों के 120 उत्तर रटवाए गए थे। यह स्थिति सामान्य तैयारी का मामला नहीं है, बल्कि यह गंभीर अनियमितता का संकेत है। उन्होंने कहा कि यह एक गंभीर मुद्दा है और इसकी जांच की जानी चाहिए। इसके अलावा, उन्होंने यह भी बताया कि हाई कोर्ट ने छह महीने के भीतर जांच पूरी करने का निर्देश दिया था, लेकिन अब छह महीने पूरे होने को हैं और जांच अभी तक पूरी नहीं हुई है। यह स्थिति छात्रों के लिए चिंता का विषय है, क्योंकि उनके भविष्य के साथ खेला जा रहा है।
इस मामले में अजीत कुमार ने छात्रों को आश्वस्त किया कि वे इस मुद्दे को लेकर लड़ाई जारी रखेंगे और न्याय की मांग करेंगे। उन्होंने कहा कि छात्रों का भविष्य दांव पर है और इस मामले में जो भी तथ्य सामने आए हैं, उन्हें न्यायालय में पेश किया जाना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार को इस मामले में गंभीरता से विचार करना चाहिए और छात्रों के हितों की रक्षा करनी चाहिए। अजीत कुमार का यह बयान इस बात का संकेत है कि इस मामले में अभी और भी कई पहलू सामने आ सकते हैं, जो छात्रों के लिए महत्वपूर्ण हो सकते हैं।
















