Monkey Attacks in Bahraich: लंगूर के हमले में 15 लोग घायल

बहराइच, उत्तर प्रदेश की तराई बेल्ट में लंगूर का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। हाल ही में रिसिया क्षेत्र में लंगूर के हमले में 15 लोग घायल हो गए हैं। यह घटना उ
बहराइच, उत्तर प्रदेश की तराई बेल्ट में लंगूर का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। हाल ही में रिसिया क्षेत्र में लंगूर के हमले में 15 लोग घायल हो गए हैं। यह घटना उस समय हुई जब लोग अपने दैनिक कार्यों में व्यस्त थे। घायलों को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। स्थानीय लोगों में लंगूर के हमले को लेकर भय का माहौल बना हुआ है। वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया, लेकिन लंगूर को पकड़ने में अभी तक कोई सफलता नहीं मिल पाई है। इस घटना ने क्षेत्र के निवासियों को चिंतित कर दिया है, क्योंकि लंगूर के हमले की यह पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी भेड़िया और तेंदुए के हमले की घटनाएं सामने आई थीं, जो लोगों के लिए चिंता का विषय बनी हुई हैं।
ग्राम भैंसाही में गुरुवार की सुबह अमित वर्मा अपने घर से बाहर निकले थे, तभी अचानक लंगूर ने उन पर हमला कर दिया। उनके शोर मचाने पर अन्य लोग भी दौड़े, लेकिन लंगूर ने उन पर भी हमला कर दिया। इस दौरान लंगूर ने अमित प्रजापति, कुंवारे, भुजई, आशीष, प्रभु नाथ और भोला को भी घायल कर दिया। जब ग्रामीणों ने लंगूर को दौड़ाया, तो वह एक ईंट भट्टे की ओर भाग गया और वहां पर भी भट्टे के मुनीम मयाराम पर हमला कर दिया। इस हमले में कुल 15-16 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से कुछ को रिसिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है।
वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि लंगूर के मूवमेंट पर नजर रखी जा रही है। वन क्षेत्राधिकारी प्रदीप कुमार और वन दारोगा शिवम पांडेय ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। वनकर्मियों ने लंगूर को पकड़ने के लिए कई प्रयास किए, लेकिन अभी तक सफलता नहीं मिली है। क्षेत्र में सुरक्षा के लिए वन कर्मियों को तैनात किया गया है और उन्हें सुरक्षा उपकरण भी दिए गए हैं। स्थानीय निवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए वन विभाग की टीम लगातार निगरानी कर रही है। इस घटना ने क्षेत्र में एक बार फिर जंगली जानवरों के हमलों के प्रति जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता को उजागर किया है।















